मुंबई । जस्टिस देवेन्द्र कुमार उपाध्याय ने बंबई हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस के रूप में शपथ ली। महाराष्ट्र के राज्यपाल रमेश बैस ने दोपहर में राजभवन में आयोजित एक समारोह में जस्टिस उपाध्याय को पद की शपथ दिलाई।
जस्टिस उपाध्याय बंबई हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश के रूप में पदोन्नत होने से पहले इलाहाबाद हाईकोर्ट के न्यायाधीश थे।
चीफ जस्टिस आरडी धानुका के 30 मई को रिटायर होने के बाद बंबई हाईकोर्ट का चीफ जस्टिस का पद खाली था। उनके बाद न्यायमूर्ति नितिन जामदार को कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश नियुक्त किया गया था।
जस्टिस देवेन्द्र कुमार उपाध्याय का जन्म 16 जून 1965 को हुआ था। उन्होंने 1991 में लखनऊ यूनिवर्सिटी से कानून में स्नातक की उपाधि हासिल की थी।
जस्टिस उपाध्याय इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ में दीवानी और संवैधानिक मामलों के प्रेक्टिशनर रहे हैं। उन्हें 21 नवंबर 2011 को अतिरिक्त न्यायाधीश के रूप में पदोन्नत किया गया था और 6 अगस्त 2013 को स्थायी न्यायाधीश के रूप में नियुक्त किया गया था।
शपथ ग्रहण समारोह में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और उपमुख्यमंत्री देवेन्द्र फड़णवीस,राज्यपाल की पत्नी रामबाई बैस, विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर, कौशल विकास मंत्री मंगल प्रभात लोढ़ा, बॉम्बे और इलाहाबाद हाईकोर्ट के न्यायाधीश, महाराष्ट्र राज्य मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष जस्टिस (सेवानिवृत्त) केके तातेड, राज्य चुनाव आयुक्त यूपीएस मदन सहित वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।
