· सिर्फ ₹999 में घर लाएं सौर ऊर्जा
· टाटा पावर के ग्राहकों के लिए विशेष रूप से महाराष्ट्र, गुजरात, आंध्र प्रदेश, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश में फेस्टिव फाइनेंसिंग स्कीम शुरू की
· टाटा एआईजी दे रही है एक साल का निःशुल्क सौर बीमा
मध्य प्रदेश23 सितंबर 2025: भारत की अग्रणी रूफटॉप सोलर सोल्यूशन कंपनी, टाटा पावर सोलरूफ ने आज एक स्पेशल फेस्टिव फाइनेंसिंग स्कीम – “सिर्फ ₹999/- का भुगतान करें” शुरू की है। त्योहारों के दौरान घरों के लिए सौर ऊर्जा को अधिक किफायती और सुलभ बनाने के लिए इस सीमित अवधि की ऑफर को शुरू किया गया है।
नवरात्रि में 22 सितंबर, 2025 से लेकर 31 दिसंबर, 2025 (नव वर्ष) तक चलने वाली इस आकर्षक फाइनेंसिंग स्कीम का लाभ उठाकर, महाराष्ट्र, गुजरात, आंध्र प्रदेश, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के ग्राहक टाटा पावर सोलरूफ सिस्टम लगवा सकते हैं। इसके लिए सिर्फ ₹999 का भुगतान करके वे अपनी सौर ऊर्जा यात्रा शुरू कर सकते हैं।
इस फाइनेंसिंग स्कीम की मुख्य विशेषताएं हैं: सिर्फ ₹999 का भुगतान करें और सोलर सिस्टम घर ले जाएं, सिस्टम के 100% खर्च के लिए लोन उपलब्ध है, ईएमआई बहुत ही किफायती, सिर्फ ₹2999 (3 kWp सिस्टम के लिए) से आगे, 60 महीनों तक की लचीली फाइनेंसिंग अवधि, तेज़ प्रक्रिया के लिए तत्काल डिजिटल लोन अप्रूवल, और एक अतिरिक्त लाभ के रूप में, टाटा पावर सोलरूफ सभी आवासीय ग्राहकों को टाटा एआईजी का 1 साल का निःशुल्क सोलर बीमा भी दे रहा है।
टाटा पावर सोलरूफ ने ग्रीन फाइनेंसिंग में अग्रणी, इकोफाई के साथ मिलकर यह सरल और किफायती सौर फाइनेंसिंग स्कीम तैयार की है, जिससे सौर ऊर्जा अपनाने के इच्छुक ग्राहकों के लिए शुरूआती वित्तीय बाधाएँ काफी कम हो गई हैं।
टाटा पावर सोलरूफ ने पूरे भारत में 3.6 गीगावाट से अधिक रूफटॉप सोलर सफलतापूर्वक इन्स्टॉल की है। लगभग 2.5 लाख ग्राहक इस सेवा के लाभ ले रहे हैं। कंपनी ने 637 चैनल पार्टनर्स का मज़बूत राष्ट्रव्यापी नेटवर्क खड़ा किया है, जो देश भर में लगातार, उच्च-गुणवत्ता वाली इंस्टॉलेशन और व्यापक बिक्री-पश्चात सेवाएं प्रदान करता है।
यह फेस्टिव स्कीम भारतीय घरों और उद्यमों के लिए स्वच्छ ऊर्जा को अपनाना आसान, किफायती और विशेष बनाने की टाटा पावर सोलरूफ की प्रतिबद्धता को मज़बूत करती है। रूफटॉप सौर समाधानों को चुनकर, ग्राहक न केवल बिजली के बिलों में महत्वपूर्ण बचत का आनंद लेते हैं, बल्कि एक स्वच्छ और हरित भविष्य में भी योगदान देते हैं। इस तरह की पहल भारत के नवीकरणीय ऊर्जा की ओर संक्रमण और 2070 तक नेट ज़ीरो लक्ष्यों को प्राप्त करने की राष्ट्र की प्रतिबद्धता का समर्थन करत
