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इंदौर, 4 फरवरी 2025: कैंसर के प्रति जागरूकता बढ़ाने और मरीजों को प्रेरित करने के उद्देश्य से विश्व कैंसर दिवस के अवसर पर IOCI – CHL हॉस्पिटल 114 (इंटरनेशनल ऑन्कोलॉजी कैंसर इंस्टिट्यूट) में एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर कैंसर से जूझ चुके योद्धाओं (कैंसर वॉरियर्स) ने अपनी संघर्षपूर्ण यात्रा और उपचार के अनुभव साझा किए, जिससे अन्य मरीजों को भी प्रेरणा और हौसला मिल सके।
इस कार्यक्रम में IOCI – CHL हॉस्पिटल के कैंसर विशेषज्ञों ने कैंसर के प्रति जागरूकता, समय पर जांच, आधुनिक चिकित्सा तकनीकों और उपचार के प्रभावी तरीकों पर प्रकाश डाला।
डॉक्टरों के विचार
डॉ. पीयूष शुक्ला (HOD & सीनियर रेडिएशन ऑन्कोलॉजिस्ट) ने कहा, “कैंसर अब लाइलाज बीमारी नहीं रही। आधुनिक तकनीकों और समय पर इलाज से इसे पूरी तरह ठीक किया जा सकता है। लेकिन सबसे जरूरी है जागरूकता और शुरुआती पहचान। हमारा उद्देश्य कैंसर मरीजों को न केवल बेहतरीन चिकित्सा सुविधा देना है, बल्कि उन्हें मानसिक रूप से भी मजबूत बनाना है।”
डॉ. सनी जैन (एडवांस्ड मिनिमल इनवेसिव कैंसर सर्जन – लैप्रोस्कोपिक/रोबोटिक) ने बताया, “अब कैंसर के इलाज में न्यूनतम इनवेसिव तकनीकों जैसे लैप्रोस्कोपिक और रोबोटिक सर्जरी का उपयोग किया जा रहा है, जिससे मरीज जल्दी ठीक होते हैं और उनके शरीर पर कम प्रभाव पड़ता है। इन आधुनिक विधियों से इलाज का अनुभव पहले की तुलना में कहीं अधिक बेहतर और सुरक्षित हो गया है।”
डॉ. प्रांजल मंडलोई (कंसल्टेंट – मेडिकल ऑन्कोलॉजिस्ट, यूरोपियन सर्टिफाइड मेडिकल ऑन्कोलॉजिस्ट) ने कहा, “कैंसर के प्रति डर को खत्म करना बहुत जरूरी है। आज के दौर में कई तरह की प्रभावी कीमोथेरेपी, इम्यूनोथेरेपी और टार्गेटेड थेरेपी उपलब्ध हैं, जो कैंसर को नियंत्रित करने में बेहद कारगर साबित हो रही हैं। मरीजों को चाहिए कि वे नियमित जांच कराएं और लक्षणों को नज़रअंदाज़ न करें।”
डॉ. अभिलाषा गोयल (कंसल्टेंट – गायनोकोलॉजिकल ऑन्कोलॉजी एवं लैप्रोस्कोपिक सर्जन) ने बताया, “महिलाओं में होने वाले कैंसर जैसे सर्वाइकल और ब्रेस्ट कैंसर को अगर शुरुआती चरण में ही पहचान लिया जाए, तो इसका सफल इलाज संभव है। सही समय पर जांच और इलाज से महिलाओं की जीवन रक्षा की जा सकती है।”
डॉ. नितिन गंगराड़े एचओडी एवं कंसल्टेंट, न्यूक्लियर मेडिसिन – PET CT ने बताया”कैंसर के सफल उपचार में प्रारंभिक पहचान सबसे महत्वपूर्ण होती है। PET CT जैसी अत्याधुनिक तकनीकों के माध्यम से हम कैंसर का सटीक रूप से पता लगा सकते हैं, जिससे समय पर और प्रभावी इलाज संभव हो पाता है। हमारा लक्ष्य है कि मरीजों को नवीनतम तकनीकों और सर्वश्रेष्ठ चिकित्सा सुविधा प्रदान कर, उन्हें बेहतर जीवन की ओर अग्रसर किया जाए। जागरूकता और सही समय पर जांच ही कैंसर के खिलाफ सबसे बड़ा हथियार है।”
कैंसर वॉरियर्स की प्रेरणादायक कहानियाँ
इस कार्यक्रम में कैंसर से जूझ चुके मरीजों ने अपनी भावनात्मक और प्रेरणादायक कहानियाँ साझा कीं। उन्होंने बताया कि किस तरह उन्होंने इस कठिन बीमारी का सामना किया और किस तरह डॉक्टरों और परिवार के सहयोग से वे फिर से सामान्य जीवन जी रहे हैं।
एक कैंसर विजेता ने कहा,
“जब मुझे पहली बार कैंसर का पता चला, तो मैंने सोचा था कि सब खत्म हो गया है। लेकिन मेरे डॉक्टरों ने मुझे उम्मीद दी और मुझे लड़ने के लिए प्रेरित किया। आज, मैं कैंसर मुक्त हूँ और यह संदेश देना चाहता हूँ कि कभी हार न मानें।”
समाज में जागरूकता बढ़ाने की पहल
इस आयोजन ने कैंसर के प्रति समाज में जागरूकता बढ़ाने और इसे लेकर व्याप्त मिथकों को दूर करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। IOCI – CHL हॉस्पिटल 114 (इंटरने
शनल ऑन्कोलॉजी कैंसर इंस्टिट्यूट) के विशेषज्ञों
