नई दिल्ली,। मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच केंद्र सरकार ने आम जनता को राहत देते हुए पेट्रोल और डीजल पर एक्साइज ड्यूटी में बड़ी कटौती की है। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इस फैसले को उपभोक्ताओं के हित में उठाया गया महत्वपूर्ण कदम बताया है। सरकार ने पेट्रोल और डीजल पर करीब 10 रुपये प्रति लीटर तक एक्साइज ड्यूटी घटाई है। इसके बाद पेट्रोल पर ड्यूटी घटकर लगभग 3 रुपये प्रति लीटर रह गई है, जबकि डीजल पर इसे शून्य कर दिया गया है। इस निर्णय से देशभर में बढ़ती महंगाई के दबाव को कम करने में मदद मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। केंद्र सरकार द्वारा यह फैसला ऐसे समय में लिया गया है जब स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में आपूर्ति बाधित होने और मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के कारण वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में तेजी देखी जा रही है। इसे लेकर केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि सरकार उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और समय रहते जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सराहना करते हुए कहा कि उनकी नेतृत्व में सरकार ने ईंधन आपूर्ति को सुरक्षित बनाए रखने के लिए सक्रिय भूमिका निभाई है। साथ ही, उन्होंने देश में लॉकडाउन लगाए जाने की खबरों को पूरी तरह खारिज कर दिया। सीतारमण ने स्पष्ट कहा कि ईंधन संकट के कारण किसी भी प्रकार का लॉकडाउन लगाने की कोई योजना नहीं है और इस तरह की खबरें भ्रामक हैं। उन्होंने जनता से अपील की कि अफवाहों पर ध्यान न दें और घबराहट से बचें। वित्त मंत्री ने कुछ नेताओं के लॉकडाउन संबंधी बयानों पर भी आपत्ति जताई और उन्हें गैर-जिम्मेदाराना करार दिया। उनका कहना था कि ऐसे बयान मौजूदा परिस्थितियों में अनावश्यक डर पैदा करते हैं। समय पर लिया गया साहसिक कदम: पुरी केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने इस फैसले को “समय पर लिया गया साहसिक कदम” बताया। उन्होंने कहा कि यह निर्णय न केवल आम जनता को राहत देगा, बल्कि वैश्विक अनिश्चितता के बीच देश की अर्थव्यवस्था को भी स्थिर बनाए रखने में मदद करेगा। कुल मिलाकर, वैश्विक ऊर्जा संकट और बढ़ती कीमतों के बीच सरकार का यह कदम राहत के साथ-साथ भरोसा देने वाला माना जा रहा है। हालात नियंत्रण में: रिजिजू देश में संभावित लॉकडाउन को लेकर चल रही अटकलों पर केंद्रीय मंत्री किरण रिजिजू ने शुक्रवार को स्पष्ट किया है कि फिलहाल ऐसी कोई स्थिति नहीं है। उन्होंने संसद परिसर के बाहर मीडिया से बातचीत में कहा कि देश के हालात पूरी तरह नियंत्रण में हैं और जनता को घबराने की जरूरत नहीं है।
