नलखेड़ा/ माधव एक्सप्रेस/ प्रदीप चौबे:-नगर नलखेड़ा में झोला छाप डॉक्टरो की भरमार है धड़ल्ले से बिना डिग्री धारी डॉक्टर मरीजों का उपचार कर रहे है।जिससे लोगो की जान का खतरा बना हुआ है। ज्ञात रहे की 2024 में प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के द्वारा झोलाछाप डॉक्टरों पर कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे परंतु आज दिनांक तक जिम्मेदार अधिकारियों द्वारा किसी भी प्रकार का कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। ज्ञात रहे कि चाय की गुमटियों जैसी दुकानाें में झोलाछाप डॉक्टर मरीजों का इलाज कर रहे हैं। मरीज चाहे उल्टी, दस्त, खांसी, बुखार से पीड़ित हो या फिर अन्य कोई बीमारी से सभी बीमारियों का इलाज यह झोलाछाप डॉक्टर करने को तैयार हो जाते हैं।
बिना डिग्री के कर रहे इलाज जिम्मेदार अधिकारी सो रहा है कुंभकरण की नींद
नगर में हर चौक चौराहे पर फर्जी डॉक्टर काबिज है परंतु बिना किसी डर चमक के धड़ल्ले से अपना कारोबार चला रहे है और जिम्मेदार अधिकारी कुंभकरण की नींद सोए हुए। यदि किसी प्रकार की कोई बड़ी घटना होती है तो इसकी जवाबदारी किसकी रहेगी इसका कोई अंदाजा नहीं परंतु फिलहाल सभी झोलाछाप डॉक्टर बे खोफ होकर मरीज का इलाज कर रहे हैं।
बिना लाइसेंस के दवाओं का भंडारण भी करते हैं डॉक्टर
झोलाछाप चिकित्सकों द्वारा बिना पंजीयन के एलोपैथी चिकित्सा व्यवसाय ही नहीं किया जा रहा है। बल्कि बिना ड्रग लाइसेंस के दवाओं का भंडारण व विक्रय भी अवैध रूप से किया जा रहा है। दुकानों के भीतर कार्टून में दवाओं का अवैध तरीके से भंडारण रहता है।स्वास्थ्य विभाग द्वारा अवैध रूप से चिकित्सा व्यवसाय कर रहे लोगों के खिलाफ किसी तरह की कार्रवाई नहीं की गई। इन दिनों मौसमी बीमारियों का कहर है। झोलाछाप डॉक्टरों की दुकानें मरीजों से भरी पड़ी हैं।
