ईसागढ़ (अमित शर्मा) ।
सरस्वती शिशु मंदिर ईसागढ़ मैं 75 वा स्वाधीनता अमृत महोत्सव महामना पंडित मदन मोहन मालवीय की जयंती के अवसर पर व्याख्यानमाला का आयोजन किया गया जिसमें मुख्य वक्ता मान्यवर श्री शिरोमणि जी दुबे प्रादेशिक सचिव विद्या भारती मध्य भारत प्रांत शिरोमणि दुबे ने अपने उद्बोधन में कहा जो लोग हिंदू और हिंदुत्व को अलग करना चाहते हैं उन्हें समझना होगा कि वास्तव में हिंदुत्व क्या है चींटी को दाना डालना हिंदुत्व गाय को रोटी देना हिंदुत्व है हम तो सांप भी पालते हैं और सांप को दूध भी पिलाते हैं नाग पंचमी के दिन यह हिंदुत्व पर वही सांप विश फैलाने लगे या कांटे लगे तो हम नाग यज्ञ का आयोजन करते हैं और जितने भी विषधर सांप है उनकी आहुति देने में भी हम पीछे नहीं हटते हैं यह हिंदुत्व है यह दोनों पक्ष हमें समझने की आवश्यकता है हमारे पाठ्यक्रम में ग से गणेश के स्थान पर ग से गधा कब शामिल हो गया हमें तारीख है याद नहीं है यही हमारी विडंबना है और यही हमारी कमजोरी है हमारी अपने आने जाने की सड़कें जिनके नाम भी हुमायूं बाबर अकबर के नाम रख दिए गए और हम इसी तरह ताली पीटते रहे यह हमारा दुर्भाग्य है हम तिलकामांझी बिरसा मुंडा टंट्या मामा को कैसे भुला सकते हैं उन पर वासियों को कैसे भुला सकते हैं जिनकी कोई इच्छा नहीं थी इच्छा थी तो केवल सिर्फ केवल स्वराज की हम अपने वीर वीरांगनाओं को कैसे भुला सकते हैं आचार्य चाणक्य ने लिखा था जो देश अपना शास्त्र पढ़ना भूल जाते हैं जो कॉम अपना इतिहास भूल जाती है वह देश समाप्त हो जाए करते है जो देश अपना भूगोल नहीं बचा सकते न उनका का इतिहास रहता ना उनकी परंपराएं रहती है कई कई दिनों की भूख भी बलिदानों के हौसलों को तोड़ नहीं सके ना ही डरा सकी यह तो झांकियां वास्तविक समाधिया देश की जो आज भी खुशबू बिखेरती है जो हमें रोज बुलाती है आओ हिंदुस्तान के दर्शन करो इन समितियों में आओ युवकों तुम्हें दिखाएं झांकी हिंदुस्तान की इस मिट्टी से तिलक करो यह मिट्टी है बलिदान की अगर पश्चिम जर्मनी पूर्व जर्मनी के टूटकर टुकड़े टुकड़े हो गए और वह एक हो गए और इजराइल 18 वर्षों तक अपनी जमीन तलाशता रहा और अपने वज्र संकल्प के आधार पर अपनी भूमि प्राप्त की हमारे बलिदानों ने जो सपना देखा था अखंड भारत का वह सपना हम अपने स्वाधीनता अमृत महोत्सव में संकल्प लेकर अपने जीते जी साकार कर सकेंगे मुझे लगता है स्वाधीनता अमृत महोत्सव अपने उद्देश को प्राप्त करेगा भारत माता की जय।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मान्यवर श्री बृजेंद्र सिंह यादव मध्य प्रदेश शासन के राज्य मंत्री ने अपने उद्बोधन में कहा लोगों के अंदर का भाव जो देश के लिए कुछ कर रहा है हम उसके लिए आगे बढ़ा रहे हैं देश को आगे बढ़ाने में केवल एक व्यक्ति का योगदान नहीं होता हम सब को भी सहयोग करना होता है हम सब सहयोग करेंगे और अपना साथ देंगे तो निश्चित ही अपना देश दुनिया का सबसे पहला देश रहा है और आगे भी होगा
इसके पहले हम जहां थे वहां भारत माता की जय व श्रीराम के नारे नहीं लगा सकते थे पर अब हम खुलकर भारत माता की जय बोल सकते हैं।
श्री चंद्रहंस जी पाठक विभाग समन्वयक जी ने कहा उधम सिंह ने जनरल डायर को ढूंढ कर जब तक मार नहीं दिया तब तक चैन से बैठे नहीं और उन्होंने अपना यह संकल्प पूरा किया ।
श्री राम वीर जी रघुवंशी जी अध्यक्ष श्रीकृष्ण सरल शिक्षा समिति अशोकनगर उन्होंने सम्मान समारोह के अध्यक्षी उद्बोधन में वीर वीरांगनाओं के बलिदान पर गर्व करने की आवश्यकता है और उनसे प्रेरणा लेना चाहिए
श्री शिवचरण औदिच्य बाबू जी स्थानीय समिति अध्यक्ष ने सम्मानीय सभी अतिथि गणों का व समाज से आए हुए सभी बंधुओं का भी आभार व्यक्त किया।
इस कार्यक्रम का संचालन हरपाल सिंह सोलंकी प्रधानाचार्य सरस्वती शिशु मंदिर ईसागढ़ ने किया।
इसमें उपस्थित गणमान्य बंधु भगिनी समिति बंधु आचार्य परिवार एवं समाज के सभी श्रेष्ठ जन उपस्थित रहे।
अंत में राष्ट्रीय गीत वंदेमातरम के साथ व्याख्यानमाला का समारोप किया गया।
