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रायपुर, 22 दिसंबर । सरगुजा जिले के हसदेव अरण्य में काटे जा रहे पेड़ों की बड़ी संख्या के बीच आई भारतीय वन सर्वेक्षण रिपोर्ट 2023 के अनुसार छत्तीसगढ़ में जंगल और पेड़ों की संख्या में इजाफा हुआ है। केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र सिंह द्वारा शनिवार को इंडिया स्टेट ऑफ फॉरेस्ट रिपोर्ट-2023 में यह दावा किया गया है। इस रिपोर्ट के अनुसार देश का फॉरेस्ट एंड ट्री कवर बढ़कर 25.17 प्रतिशत हो गया है। 2021 में यह 24.62 प्रतिशत था। छत्तीसगढ़ ने संयुक्त वन एवं वृक्ष आवरण वृद्धि में देश में पहला स्थान हासिल किया है। भारतीय वन सर्वेक्षण रिपोर्ट के अनुसार छत्तीसगढ़ का कुल वन आवरण क्षेत्र 55,812 वर्ग किलोमीटर है।
छत्तीसगढ़ में जंगल और पेड़ बढ़ने पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने रविवार काे एक्स पर पोस्ट कर खुशी जताते हुए प्रदेशवासियों को धन्यवाद दिया है। मुख्यमंत्री ने कहा है कि रिपोर्ट के अनुसार छत्तीसगढ़ ने संयुक्त वन एवं वृक्ष आवरण वृद्धि में देश में पहला स्थान हासिल किया है। वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के प्रयासों और प्रदेशवासियों की पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी के कारण यह उपलब्धि छत्तीसगढ़ को मिली। प्रदेश को हरित और समृद्ध बनने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।राज्य के वन आवरण में 94.75 वर्ग किलोमीटर की वृद्धि के साथ कुल वन क्षेत्र अब 55,811.75 वर्ग किलोमीटर हो गया है।
छत्तीसगढ़, उत्तरप्रदेश, ओडिशा और राजस्थान में सबसे ज्यादा जंगल और पेड़ छत्तीसगढ़ में बढ़े हैं। यहां जंंगल और वृक्ष आवरण 684 वर्ग किलोमीटर हो गया है। उत्तर प्रदेश (559 वर्ग कि.मी.), ओडिशा (559 वर्ग कि.मी.) और राजस्थान (394 वर्ग कि.मी.) हैं।
उल्लेखनीय है कि फॉरेस्ट सर्वे ऑफ इंडिया की उक्त रिपोर्ट को आने में करीब एक साल की देरी हुई है। इस रिपोर्ट में बढ़ते स्टॉक, वन क्षेत्र से बाहर लगे पेड़ों, मांग्रोव कवर, बैंबू और फॉरेस्ट कार्बन स्टॉक का असेसमेंट सामने आता है।
