बाराबंकी । भारतीय कुश्ती संघ के निवर्तमान राष्ट्रीय अध्यक्ष और बीजेपी सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने यूपी के बाराबंकी में एक कार्यक्रम में कहा, भगवान मुझसे कुछ बड़ा काम कराना चाहते हैं। इसलिए मुझपर ये आरोप लगा दिए गए। बीजेपी सांसद ने कहा कि मेडल गंगा में बहा देने से मुझे फांसी नहीं होगी। खिलाड़ियों को मेरे खिलाफ सबूत पुलिस और कोर्ट को देने होंगे। उन्होंने एक बार फिर दोहराया कि उनके खिलाफ आरोप सिद्ध हुए, तो वो खुद फांसी लगा लेंगे।
बृजभूषण ने कहा- गलत हुआ तो गिरफ्तार हो जाऊंगा
बृजभूषण शरण सिंह ने कहा-आगे आगे देखिए होता क्या है। जांच तो करने दीजिए। अब तो हमारे हाथ में खेल है नहीं, दिल्ली पुलिस के हाथ में है। उन्हीं (पहलवानों) के निवेदन पर एफआईआर हुई है। अब हम उनकी क्या मदद कर सकते हैं। गंगा जी में मेडल डालने गए थे। गंगा जी के बजाय टिकैत को दे दिए। मेरा कार्यकाल पूरा हो चुका है। गिरफ्तारी के सवाल पर कहा कि अगर मैं गलत पाया गया तो गिरफ्तारी हो जाएगी।
बृजभूषण शरण सिंह कहा-मैं बराबर पूछ रहा हूं कि ये सब कब हुआ? कहां हुआ? किसके साथ हुआ? मुझपर आरोप लगाए हुए चार महीने हो गए। अब तक एक भी सबूत मेरे खिलाफ नहीं दिया गया। मैं आज भी कह रहा हूं कि अगर एक भी आरोप सिद्ध हुआ, तो खुद फांसी पर लटक जाऊंगा। मैं इस पर आज भी कायम हूं। बृजभूषण ने कहा- ये पहलवान मेडल गंगा में बहाने चले गए। ये सिर्फ इमोशनल ड्रामा है। अगर सबूत हैं तो पुलिस को दो और कोर्ट को दो। वही मुझे फांसी देगा।
बृजभूषण सिंह ने तंज भरे लहजे में कहा कि कबीर दास ने कहा था ये कलयुग है कुछ भी हो सकता है, इसलिए मैं लड़ गया। उन्होंने कहा, मैं इन खिलाड़ी से बैर नहीं रखता। ये मेरे बच्चे की तरह हैं। इनकी कामयाबी में मेरा खून और पसीना लगा है। 10 दिन पहले तक यही सब मुझे कुश्ती का भगवान कहते थे। उन्होंने कहा, मेरे कार्यकाल में जो टीम 20वें नंबर पर थी, वही भारत की टीम अब टॉप 5 में आई। ओलंपिक के 7 मेडल में 5 मेडल में मेरे कार्यकाल में आए। अब मुझे कुछ बड़ा काम करना है। पाप करने वाला ही पापी नहीं होता, जो मौन है वो भी भागीदार होता है। अगर राम को वनवास नहीं होता तो इतिहास कैसे बनता? इसका श्रेय कैकई और मंथरा को देना चाहिए। उन्होंने आह्वान किया कि 5 जून को अयोध्या में होने वाली जन चेतना महारैली में ज्यादा से ज्यादा लोग पहुंचे।
