सुंदर कांड का समुधुर पाठ का भी हुआ आयोजन
नई दिल्ली । राजधानी दिल्ली के आसफ अली रोड स्थित प्राचीन कालीन श्रीराम हनुमान वाटिका मंदिर में श्रीराम भक्त हनुमान की जयंती विशाल रूप में मनाई गई। मंदिर में राष्ट्र कल्याण और आसुरी शक्तियों के दमनार्थ सुंदर कांड का सुमधुर पाठ हुआ। इसके अलावा हनुमान की आरती की गई और उनको मंदिर के महंत श्रीरामकृष्ण दास महात्यागी मचान वाले बाबा, निगम पार्षद किरन राकेश, पूर्व पार्षद अशोक जैन, पूर्व निगम पार्षद राकेश कुमार आदि ने 56 प्रकार की मिठाइयों का भोग लगाया। इस अवसर पर मंदिर के महंत श्रीरामकृष्ण दास महात्यागी मचान वाले बाबा ने कहा कि हनुमान जयंती पर लोगों को वैचारिक एवं आध्यामिक रूप से जोड़ने, देश में शांति, समृद्धि और देशभक्ति का भाव जगाने और आसुरी शक्तियों के दमनार्थ सुंदर कांड का समुधुर पाठ का आयोजन किया गया, क्योंकि धर्म और अधर्म की लड़ाई में युद्ध कौशल, कुशल रणनीति और अपार ताकत रखने वाले दुष्टों के संहार से संकटमोचन महावीर हनुमान संसार की संपूर्ण सृष्टि के लिए बल, बुद्धि और विद्या का वरदान देने वाले आराध्य देव बन गए। उनकी आराधना मात्र से बल बुद्धि और विद्या का विकास हो जाता है। ऐसा हमारे धर्म ग्रंथों में वर्णन किया गया है। उन्होंने कहा कि त्रेता युग में भगवान श्रीराम की भक्ति के लिए भगवान महावीर को रामचरितमानस कथा के एक महत्वपूर्ण अंग के रूप में स्थान मिला। धर्म ग्रंथों से हमें जीवन जीने की प्रेरणा मिलती है, वहीं धर्म ग्रंथों के पात्रों के प्रस्तुतिकरण में मानव मात्र के आदर्श जीवन की झलक दिखाई देती है। शायद यहीं कारण है कि हमारे बुजुर्गों ने देवी देवताओं की जीवन लीलाओं को हिंदू संस्कृति का हिस्सा बनाया।
