उज्जैन । कलेक्टर रौशन कुमार सिंह के निर्देश पर को खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा मिलावटी एवं नकली खाद्य पदार्थों के विरुद्ध विशेष अभियान चलाया जा रहा है। अभियान का उद्देश्य उपभोक्ताओं को स्वच्छ, सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना है। विशेष रूप से चांदी के वर्क लगी मिठाइयों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए सघन जांच की जा रही है।
इसी क्रम में खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की टीम ने उज्जैन शहर एवं आसपास की तहसीलों में विभिन्न प्रतिष्ठानों से खाद्य पदार्थों के नमूने एकत्रित किए। उज्जैन शहर के माहेश्वरी नमकीन एंड स्वीट्स से मिल्क केक, मावा बर्फी, मावा पेड़ा एवं बेसन लड्डू, लालश्री मिष्ठान भंडार से बटर स्कॉच मिठाई, मावा कतली एवं बेसन बर्फी, श्रीगंगा से काजू कतली, काजू कसाटा, मावा केसर कतली एवं मावा बर्फी तथा सतयुग रेस्टोरेंट स्वीट्स एंड डेयरी से काजू कतली, मावा पिस्ता बर्फी, काजू पंच मिठाई एवं पोहा के नमूने लिए गए। वहीं मगनीराम मुरलीधर से ऑलिव ऑयल, पोहा, बेसन एवं कुट्टू आटा के नमूने भी जांच के लिए एकत्रित किए गए।
महिदपुर में राजा दूध डेयरी से पनीर एवं दूध, संतोष ट्रेडर्स से चाय तथा बीकानेर मिष्ठान भंडार से मलाई रोल, मावा कतली, बंगाली मिठाई एवं खोपरा पाक के नमूने लिए गए। इसके अलावा घोसला स्थित बीकानेर मिष्ठान भंडार एंड कोल्ड ड्रिंक्स से केसर कतली, बूंदी लड्डू एवं पंचामृत फरियाली चिवड़ा तथा घटिया तहसील के नजरपुर स्थित राठौर रेस्टोरेंट एंड कोल्ड ड्रिंक्स से मावा रोल एवं कसाटा बर्फी के नमूने भी जांच के लिए एकत्रित किए गए।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने सभी नमूनों को प्रयोगशाला भेज दिया है। जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद दोषी पाए जाने वाले प्रतिष्ठानों के विरुद्ध खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि वे केवल विश्वसनीय एवं लाइसेंसधारी प्रतिष्ठानों से ही खाद्य सामग्री खरीदें तथा मिलावट या किसी भी प्रकार की अनियमितता की जानकारी तत्काल खाद्य सुरक्षा विभाग को दें।