एम.सी.बी. (मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर)।
खनिज विभाग के संचालक रजत बंसल के निर्देशानुसार केंद्रीय खनिज उड़नदस्ता और जिला स्तरीय संयुक्त टीम ने अवैध रेत उत्खनन और भंडारण के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। टीम ने रविवार (21 जून) की रात जिला एम.सी.बी. के तहसील केल्हारी अंतर्गत दंडाहस्वाही स्थित केवाई नदी, पसौरी, कुटरा एवं हसदेव नदी क्षेत्रों का औचक निरीक्षण किया।
ड्रोन तकनीक से मापी गई रेत की मात्रा
निरीक्षण के दौरान क्षेत्र में स्वीकृत दो अस्थाई रेत भंडारण अनुज्ञप्ति (लाइसेंस) स्थलों की सघन जांच की गई। इस दौरान मौके पर मौजूद रेत के स्टॉक का सटीक आकलन करने के लिए ‘हाईटेक ड्रोन सर्वे’ तकनीक का उपयोग किया गया। जांच में भंडारण नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर विभाग ने संबंधित रेत भंडारणकर्ताओं को ‘कारण बताओ नोटिस’ (शो-कॉज नोटिस) जारी किया है। सभी संबंधितों को 3 दिनों के भीतर अपना स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
पहुंच विहीन क्षेत्रों पर रखी जा रही है पैनी नजर
खनिज विभाग के अनुसार, राज्य के दुर्गम व पहुंच विहीन क्षेत्रों और अवैध रेत उत्खनन के प्रति संवेदनशील इलाकों को चिन्हित कर आधुनिक ड्रोन के माध्यम से निरंतर निगरानी की जा रही है। इस तकनीकी पहल का मुख्य उद्देश्य अवैध खनन और अनियंत्रित रेत भंडारण पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना है।
इस महत्वपूर्ण कार्रवाई के दौरान केंद्रीय उड़नदस्ता की संयुक्त जांच टीम और जिला स्तरीय खनिज अमला मुख्य रूप से उपस्थित रहा।
