इंदौर/भोपाल | हिंदू चंद्र पंचांग के अनुसार इस वर्ष हिंदू नववर्ष की शुरुआत 19 मार्च 2026 से हो रही है। इस अवसर पर महंत पंडित दीपक शर्मा, उपाध्यक्ष, अखिल भारतीय ब्राह्मण महासभा (सनाढ्य ब्राह्मण) ने सभी श्रद्धालुओं को शुभकामनाएं देते हुए घटस्थापना का शुभ मुहूर्त बताया है।
पंडित शर्मा के अनुसार, चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि 19 मार्च को सुबह 6:52 बजे से प्रारंभ होकर 20 मार्च को सुबह 4:52 बजे तक रहेगी। उदय तिथि के आधार पर नवरात्रि का आरंभ 19 मार्च से माना जाएगा।
नवरात्रि का यह पर्व 9 दिनों तक चलेगा और 27 मार्च को राम नवमी के साथ इसका समापन होगा। इसी दिन महाराष्ट्र में गुड़ी पड़वा का पर्व भी मनाया जाएगा, जो विक्रम संवत 2083 के शुभारंभ का प्रतीक है।
🪔 घटस्थापना का शुभ मुहूर्त
पंडित दीपक शर्मा ने बताया कि नवरात्रि के पहले दिन घटस्थापना का विशेष महत्व होता है।
मुख्य मुहूर्त: सुबह 6:52 बजे से 10:10 बजे तक
अभिजीत मुहूर्त: 11:47 बजे से 12:36 बजे तक
घटस्थापना के लिए घर के ईशान कोण (उत्तर-पूर्व दिशा) को सबसे शुभ माना गया है।
🙏 पूजा विधि और महत्व
चैत्र नवरात्रि की शुरुआत घटस्थापना से होती है, जो मां दुर्गा के आगमन का प्रतीक है। इस दौरान मिट्टी के पात्र में जौ बोए जाते हैं, जो समृद्धि का संकेत माने जाते हैं।
कलश स्थापना में जल, सुपारी, सिक्का, अक्षत और आम के पत्ते डालकर ऊपर नारियल स्थापित किया जाता है। साथ ही अखंड ज्योति प्रज्वलित कर दुर्गा सप्तशती का पाठ और आरती की जाती है।
🌺 नौ दिनों तक होगी शक्ति की आराधना
नवरात्रि के नौ दिनों में मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की विधि-विधान से पूजा की जाती है। मान्यता है कि इन दिनों सच्चे मन से की गई आराधना से शक्ति, ज्ञान, साहस और सिद्धि की प्राप्ति होती है।
✨ श्रद्धालुओं में उत्साह
हिंदू नववर्ष और नवरात्रि के आगमन को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है। लोग घरों और मंदिरों में विशेष सजावट कर मां दुर्गा के स्वागत की तैयारियों में जुट गए हैं।
