इंदौर, 18 मार्च 2026: मध्य प्रदेश के इंदौर में बृजेश्वरी एनेक्स इलाके में देर रात इलेक्ट्रिक वाहन (EV) चार्जिंग के दौरान हुए भीषण हादसे ने पूरे देश को झकझोर दिया है। चार्जिंग पॉइंट में शॉर्ट सर्किट या ब्लास्ट से आग लगी, जो तेजी से घर में फैली। घर में रखे कई गैस सिलेंडर फट गए, जिससे पूरा मकान जलकर राख हो गया। इस हादसे में एक ही परिवार के 7 सदस्यों की जिंदा जलकर मौत हो गई, जिनमें 5 बच्चे शामिल थे। तीन लोग गंभीर रूप से घायल हैं।
इस दर्दनाक घटना पर **वर्ल्ड हिंदू फेडरेशन मध्य प्रदेश** के अध्यक्ष **श्री संजय अग्रवाल** ने गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा, “यह हादसा बेहद पीड़ादायक और दिल दहला देने वाला है। निर्दोष बच्चे और परिवार जिंदा जल गए। हमारी संवेदनाएं शोकाकुल परिवारों के साथ हैं। ईश्वर दिवंगत आत्माओं को शांति दें और घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य प्रदान करें।”
श्री अग्रवाल ने इस घटना को **पिछली EV संबंधित आग की घटनाओं** से जोड़ते हुए याद दिलाया कि:
– हाल के वर्षों में भारत में कई EV (स्कूटर, बाइक और कार) चार्जिंग या बैटरी फॉल्ट से आग लगने की घटनाएं हो चुकी हैं, जैसे रतलाम (MP) में ई-बाइक चार्जिंग से 11 साल की बच्ची की मौत (2025), गाजियाबाद में EV चार्जिंग से AC ब्लास्ट, और अन्य शहरों में स्कूटर शोरूम या घरेलू चार्जिंग हादसे।
– मिनिस्ट्री ऑफ हैवी इंडस्ट्रीज के अनुसार, पिछले तीन वर्षों में 26 से ज्यादा EV फायर केस दर्ज हुए हैं, ज्यादातर बैटरी ओवरहीटिंग, फॉल्टी सेल्स या अनुचित चार्जिंग से।
उन्होंने मध्य प्रदेश सरकार, केंद्र सरकार और स्थानीय प्रशासन से तत्काल अपील की कि:
– EV चार्जिंग के लिए **सख्त सेफ्टी नॉर्म्स** (Safety Norms) जारी किए जाएं।
– घरेलू चार्जिंग पॉइंट्स में फायर-रेजिस्टेंट मटेरियल, ओवरलोड प्रोटेक्शन, स्मोक डिटेक्टर और गैस सिलेंडरों से सुरक्षित दूरी अनिवार्य हो।
– बैटरी क्वालिटी चेक, ISI मार्क और रेगुलर इंस्पेक्शन पर फोकस बढ़ाया जाए।
– EV अपनाने के साथ-साथ जन जागरूकता अभियान चलाए जाएं, ताकि ऐसी त्रासदियां दोबारा न हों।
श्री अग्रवाल ने कहा, “EV पर्यावरण और भविष्य के लिए अच्छे हैं, लेकिन जान-माल की सुरक्षा सबसे ऊपर है। इंदौर जैसी घटनाएं सबक हैं – अगर अब सख्त कदम नहीं उठाए गए, तो और परिवार तबाह हो सकते हैं।”
