Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 18 सितंबर 2026: शुक्रवार का पंचांग और शुभ समय
Spread the loveToday Shubh Muhurat 18 September 2026:...
Spread the loveToday Shubh Muhurat 18 September 2026:...
Spread the loveAaj Ka Rashifal 18 September 2026...
Spread the loveप्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व...
उज्जैन । भारत और न्यूजीलैंड के बीच खेली जा रही एकदिवसीय सीरीज का आखिरी और निर्णायक मुकाबला 18 जनवरी को इंदौर के होलकर स्टेडियम में खेला जाएगा। इस महत्वपूर्ण मैच को लेकर भारतीय टीम पूरी तरह तैयार नजर आ रही है और खिलाड़ी इंदौर पहुंचकर अभ्यास में जुट चुके हैं। मैदान पर रणनीति और फिटनेस पर काम करने के साथ-साथ खिलाड़ी आध्यात्मिक संबल भी ले रहे हैं। इसी क्रम में भारतीय टीम के दिग्गज बल्लेबाज विराट कोहली और स्टार स्पिनर कुलदीप यादव ने उज्जैन पहुंचकर विश्व प्रसिद्ध महाकालेश्वर मंदिर में भगवान शिव के दर्शन किए। शनिवार तड़के विराट कोहली और कुलदीप यादव सुबह 4 बजे आयोजित होने वाली प्रसिद्ध भस्म आरती में शामिल हुए। दोनों खिलाड़ी करीब दो घंटे तक नंदी हॉल में बैठकर शिव भक्ति में लीन रहे और मंत्रोच्चार के साथ पूजा-अर्चना की। आरती के बाद उन्होंने मंदिर में जल अर्पित कर बाबा महाकाल से आशीर्वाद लिया। मंदिर समिति की ओर से दोनों खिलाड़ियों को बाबा महाकाल की तस्वीर और प्रसाद भेंट किया गया। इससे पहले शुक्रवार को भारतीय टीम के विकेटकीपर बल्लेबाज केएल राहुल और मुख्य कोच गौतम गंभीर भी महाकालेश्वर मंदिर पहुंचकर दर्शन कर चुके हैं। टीम इंडिया के लिए यह मुकाबला सीरीज के लिहाज से बेहद अहम है, वहीं विराट कोहली के लिए यह मैच व्यक्तिगत तौर पर भी खास माना जा रहा है। इंदौर के होलकर स्टेडियम में कोहली का पिछला रिकॉर्ड उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा है। यहां खेली गई चार पारियों में वह कुल 99 रन ही बना सके हैं और अब तक एक भी अर्धशतक नहीं जड़ पाए हैं। ऐसे में कोहली के प्रशंसकों को उम्मीद है कि बाबा महाकाल के आशीर्वाद से इस बार उनका बल्ला बड़ी पारी खेलेगा। भारतीय टीम का मनोबल इस समय ऊंचा है और खिलाड़ी निर्णायक मुकाबले में पूरी ताकत झोंकने के इरादे से मैदान में उतरेंगे। इंदौर की पिच आमतौर पर बल्लेबाजों के लिए मददगार मानी जाती है, जिससे एक रोमांचक मुकाबले की उम्मीद की जा रही है। टीम प्रबंधन और खिलाड़ी दोनों ही इस मैच को जीतकर सीरीज पर कब्जा जमाना चाहते हैं। अब देखना होगा कि आध्यात्मिक आस्था और कड़ी मेहनत के इस संगम का असर मैदान पर कैसा नजर आता है और क्या टीम इंडिया इंदौर में जीत के साथ सीरीज अपने नाम कर पाती है।
