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इंदौर,- इंदौर में ओरिएंटल यूनिवर्सिटी, इंदौर का सातवाँ दीक्षांत समारोह आज विश्वविद्यालय परिसर स्थित देवी शकुंतला ठकराल ऑडिटोरियम में हर्षोल्लास और गरिमा के साथ संपन्न हुआ। इस अवसर पर डिप्लोमा, स्नातक, स्नातकोत्तर एवं डॉक्टोरल (Ph.D.) कार्यक्रमों के विद्यार्थियों को कुल 1,360 उपाधियाँ प्रदान की गईं। समारोह की शुरुआत कुलगीत और दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई।
समारोह की विशिष्ट और आकर्षक झलक रही — मानवाकृति रोबोट ‘आर्या’ (Humanoid Robot Arya) द्वारा उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक (Gold Medals) प्रदान करना।
ओरिएंटल यूनिवर्सिटी द्वारा विकसित यह रोबोट, तकनीकी प्रगति और नवाचार का प्रतीक बन गया। रोबोट ‘आर्या’ ने मंच पर विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक वितरित किए, जिससे समारोह में उपस्थित सभी अतिथि, अभिभावक और विद्यार्थी रोमांचित हो उठे।
समारोह के मुख्य अतिथि माननीय श्री तुलसीराम सिलावट, कैबिनेट मंत्री, मध्य प्रदेश सरकार रहे।

उन्होंने अपने संबोधन में सभी विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि –“दीक्षांत समारोह केवल डिग्री प्रदान करने का अवसर नहीं, बल्कि यह जिम्मेदारी के नए अध्याय की शुरुआत है। शिक्षा का असली उद्देश्य केवल रोजगार पाना नहीं, बल्कि समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाना है।” उन्होंने आगे कहा – “जीवन में असफलता से डरें नहीं, क्योंकि असफलता वही शिक्षक है जो सफलता का मार्ग दिखाती है। निरंतर प्रयास ही सफलता का मंत्र है।”
विशिष्ट अतिथि माननीय श्री शंकर लालवानी, सांसद, लोकसभा, इंदौर ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि –“युवा वर्ग में अपार संभावनाएँ हैं। यदि यह ऊर्जा सही दिशा में प्रयुक्त हो, तो भारत ज्ञान, नवाचार और मानवता का वैश्विक केंद्र बन सकता है।” उन्होंने विद्यार्थियों से कहा –“अपनी डिग्री को केवल प्रमाणपत्र न समझें, बल्कि इसे अपने कर्तव्य और योगदान की पहचान बनाएं। समाज आपकी प्रतीक्षा कर रहा है।”

अन्य विशिष्ट अतिथियों में कैप्टन बी. जे. सिंह (हेड एवं डायरेक्टर–अकाडेमिक्स, इन्फोबीन्स फाउंडेशन), श्री संजीव अग्रवाल (सीनियर वाइस प्रेसिडेंट, इम्पिटस टेक्नोलॉजीज) तथा डॉ. दिव्या गुप्ता (पूर्व सदस्य, एनसीपीसीआर एवं संस्थापक अध्यक्ष, ज्वाला महिला समिति) शामिल रहीं, जिन्होंने विद्यार्थियों को उत्कृष्टता, आत्मविश्वास और समाज सेवा के मार्ग पर अग्रसर रहने का संदेश दिया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता माननीय श्री प्रवीण ठकराल, कुलाधिपति,

ओरिएंटल यूनिवर्सिटी एवं चेयरमैन, ओरिएंटल ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूट्स ने की। उन्होंने कहा –“यह विश्वविद्यालय विद्यार्थियों को केवल करियर के लिए नहीं, बल्कि जीवन के उद्देश्य के लिए तैयार करता है। हमेशा सत्य, दया और साहस को अपने जीवन का आदर्श बनाएं |”
कुलगुरू प्रो. (डॉ.) अमोल गोरे ने विश्वविद्यालय की वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए बताया कि संस्थान ने पिछले वर्ष में अनुसंधान, नवाचार, उद्योग सहयोग, तथा सामाजिक उत्तरदायित्व के क्षेत्र में अनेक उपलब्धियाँ अर्जित की हैं। उन्होंने कहा – यह दीक्षांत समारोह विद्यार्थियों के वर्षों के परिश्रम, समर्पण और प्रतिबद्धता का उत्सव बना। ओरिएंटल यूनिवर्सिटी में हम विद्यार्थियों को केवल ‘जॉब सीकर्स’ नहीं, बल्कि ‘जॉब क्रिएटर्स’ बनाने का लक्ष्य रखते हैं।
समारोह के दौरान रोबोट आर्या के द्वारा उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 41 विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक (Gold Medals) से सम्मानित किया गया। उप-कुलाधिपति श्री गौरव ठकराल ने सभी अतिथियों और प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया, तथा उप-कुलाधिपति डॉ. ध्रुव घई ने औपचारिक धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया।
कार्यक्रम में मुख्य प्रबंध निदेशक डॉ. गरिमा घई, कुलसचिव डॉ. प्रद्युम्न यादव, विधि संकाय निदेशक श्रीमती सोनिया ठकराल, डॉ. सुधा वेंगुर्लेकर (संयोजक) विश्वविद्यालय के सभी डीन, संकाय सदस्य, विद्यार्थी एवं अभिभावकगण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
दीक्षांत समारोह से पूर्व, 7 नवम्बर 2025 की शाम को आयोजित एलुमनी मीट में पूर्व छात्र विश्वविद्यालय के विकास पर गर्वित दिखाई दिए।
उन्होंने अपने अनुभव साझा करते हुए विश्वविद्यालय की प्रगति और नवाचार की सराहना की।यह आयोजन प्रेरणादायक, तकनीकी नवाचार और उत्साहपूर्ण माहौल में सम्पन्न हुआ, जो ओरिएंटल यूनिवर्सिटी की निरंतर प्रगति और “Education with Innovation” के संकल्प का प्रतीक रहा।
