इंदौर 21 AUG – जाने माने परफोर्मेन्स आईवियर ब्राण्ड ओकले और भारतीय पुरूष
क्रिकेट टीम के कप्तान एवं ओकले के ब्राण्ड अम्बेसडर रोहित शर्मा ने
अच्छी विज़न (ठीक से देखने की क्षमता) के बारे में जागरुकता बढ़ाने
तथा उन स्थानों पर स्थायी विज़न केयर (आंखों की देखभाल)
को सुलभ बनाने के लिए वन साईट एस्स्लिोर लक्ज़ोटिका फाउन्डेशन
के साथ साझेदारी की है, जहां ये सुविधाएं आज भी उपलब्ध नहीं
हैं।गुरूग्राम में दिन भर आयोजित कार्यक्रम के दौरान 10 से 15 साल की उम्र
के 1000 वंचित स्कूली बच्चों ने इस आई क्लिनिक में हिस्सा लिया जहां
उनकी आंखों की जांच की गई। जिन बच्चों की नज़र कमज़ोर पाई
गई, उन्हें ओकले की ओर मुफ्त चश्मे दिए गए।
अच्छी विज़न मनुष्य का बुनियादी अधिकार है, दुनिया भर में 2.7 बिलियन
लोग ऐसे हैं जिनकी विज़न यानि आंखों की नज़र ठीक नहीं है।
जिन्हें इसे ठीक करने के लिए सही लैंस की ज़रूरत है। आंखें कम़ज़ोर
होने की वजह से हर तीन में से एक व्यक्ति अपनी पूर्ण क्षमता का सही
उपयोग नहीं कर पाता, जबकि 80 फीसदी मामलों में मौजूदा
समाधानों से उनकी समस्या को हल किया जा सकता है। अध्ययनों से पता चला
है कि साफ दिखने से पढ़ाई, नौकरी में परफोर्मेन्स और यहां तक कि
कमाने की क्षमता में भी सुधार होता है। अगर छात्रों की नज़र ठीक
हो तो वे स्कूल में दोगुना तेज़ी से सीखते हैं, काम करने वाले
व्यक्ति की उत्पादकता 35 फीसदी बढ़ जाती है और उनकी कमाई की
क्षमता 20 फीसदी तक अधिक हो जाती है। आंखों की जांच और चश्मे
ऐसे शक्तिशाली उपकरण हैं जो लोगों को शिक्षा और रोज़गार के
साथ सशक्त बनाकर गरीबी से बाहर निकाल सकते हैं।
इस अवसर पर रोहित शर्मा भी मौजूद थे, जिन्होंने अपनी व्यक्तिगत
कहानियों को साझा किया। बच्चों के साथ बातचीत के दौरान
उन्होंने कहा कि सपनो को साकार करने के लिए, खासतौर पर खेल में करियर
बनाने के लिए अच्छी नज़र का होना बहुत ज़रूरी है। इसके बाद रोहित ने
बच्चों के साथ कुछ स्पोर्ट्स एक्टिविटीज़ भी कीं।
इस अवसर पर रोहित शर्मा ने कहा, ‘‘मुझे खुशी है कि मुझे ओकले और
वन साईट की इस पहल के साथ जुड़ने का मौका मिला है। यह सही दिशा
में एक पहल है जो खासतौर पर बच्चों में नेत्र समस्याओं के समाधान
के बारे में जागरुकता बढ़ाएगी। बच्चे हमारा भविष्य हैं और समय रहते
कमज़ोर नज़र की समस्याओं को हल करना, उन्हें ज़रूरत के अनुसार चश्मे
मुहैया कराना, उनके भविष्य को सुरक्षित करने में महत्वपूर्ण
भूमिका निभा सकता है। मैं ओकले एवं वनसाईट एस्सिलोर
लक्ज़ोटिका के प्रति आभारी हूं, जिनके साथ मिलकर मुझे समाज में
सकारात्मक बदलाव लाने में योगदाने देने का अवसर मिला है।’’
‘‘हम सभी के लिए, खासतौर पर बच्चों के लिए आंखों की देखभाल
को सुनिश्चित करना चाहते हैं, क्योंकि उनका समग्र विकास ही उज्जवल
भविष्य को सुनिश्चित करता है। वनसाईट एस्सिलोर लक्ज़ोटिका
फाउन्डेशन में हम आंखों की देखभाल में आने वाली सभी
बाधाओं को दूर करने के लिए प्रयासरत हैं। हम उच्च गुणवत्ता की
आई केयर सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए कई राज्य सरकारों जैसे महाराष्ट्र,
गोवा, कर्नाटक, जम्मू-कश्मीर के साथ साझेदारी भी कर रहे हैं। अपने
बच्चों के कल्याण में निवेश कर हम आने वाली पीढ़ियों के लिए
उज्जवल भविष्य में योगदान देना चाहते हैं।’’ श्री नरसिम्हन
नारायणन, अध्यक्ष, एस्सिलोर लक्सोटिका दक्षिण एशिया।
‘‘रोहित शर्मा, ओकले और फाउन्डेशन के बीच यह साझेदारी
लोगों को नेत्र देखभाल उपलब्ध कराकर उनके जीवन में बदलाव
लाने तथा खेलों की बदलावकारी क्षमता के बारे में जागरुकता बढ़ाने
की हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाती है। जब रोहित जैसे व्यक्तित्व, जिनके
दुनिया भर में लाखों प्रशंसक हैं, हमारे साथ मिलकर आंखों की
देखभाल के बारे में जागरुकता बढ़ाते हैं, तो इससे लोग एवं नीति
निर्माता प्रेरित होकर सभी के लिए आंखों को सुनिश्चित करने के लिए
प्रयास करते हैं। हमें उम्मीद है कि एक साथ मिलकर हम अच्छी विज़न के
बारे में जागरुकता बढ़ाने में सफल होंगे, साथ ही देश और दुनिया
भर में नेत्रों की देखभाल को सुलभ बनाने में योगदान दे
सकेंगे।’’ अनुराग हंस, हैड आॅफ मिशन, एस्सिलोर लक्ज़ोटिका एवं
प्रेज़ीडेन्ट, वन साईट एस्सिलोर लक्ज़ोटिका फाउन्डेशन ने कहा।
ओकले, रोहित शर्मा और वन साईट एस्सिलोर लक्ज़ोटिका
फाउन्डेशन के बीच यह साझेदारी लोगों को नेत्र देखभाल उपलब्ध
कराकर उनके जीवन में बदलाव लाने तथा खेलों की बदलावकारी क्षमता
के बारे में जागरुकता बढ़ाने में कारगर होगी। महाराष्ट्र, गोवा और
कर्नाटक में राज्य सरकारों के सहयोग से 1000 बच्चों तक पहुंचने के
उद्देश्य के साथ वन साईट एस्सिलोर लक्ज़ोटिका फाउन्डेशन स्कूली
बच्चों की आंखों की जांच एवं उन्हें चश्मे मुहैया कराने में
सहयोग प्रदान करता रहेगा।
हम तब तक नहीं रूकेंगे, जब तक पूरी दुनिया देख न सके।
