इंदौर 20 जून, 2022
बच्चों में होने वाली बीमारियों के संबंध में जन जागरूकता के लिये स्वास्थ्य विभाग द्वारा दस्तक अभियान 18 जुलाई से शुरू किया जायेगा। यह अभियान आगामी 31 अगस्त तक चलेगा।
इस अभियान का मुख्य उद्देश्य बालकालीन दस्त रोग में जिंक और ओआरएस के उपयोग को बढ़ाना तथा दस्तरोग की रोकथाम एवं प्रबंधन संबंधी जागरुकता बढ़ाने के लिए गतिविधियों का आयोजन करना है। यह साल में दो बार आयोजित किया जाता है, इसमें आशा, आंगनवाड़ी तथा एएनएम के माध्यम से घर-घर पर दस्तक देकर ग्रीष्म एवं वर्षाकालीन दस्तरोग का नियंत्रण एवं ओआरएस तथा जिंक गोलियों का उपयोग, गंभीर कुपोषित बच्चों की पहचान तथा एनआरसी में रेफरल बाल्यकालीन निमोनिया को पहचानने हेतु लक्षणों का सरल चिन्हांकन, जन्मोपरांत शिशु द्वारा एक घंटे के भीतर स्तनपान तथा 06 माह तक केवल स्तनपान, 06 माह पश्चात अनुपूरक आहार एवं स्वच्छता संबंधी व्यवहार के बारे में विस्तार से समझाया जाएगा।
दस्तक अभियान के सफल क्रियान्वयन हेतु कलेक्टर श्री मनीष सिंह के निर्देश पर प्री-दस्तक कार्यशाला का आयोजन किया गया। अपर कलेक्टर श्री पवन जैन की अध्यक्षता में इस कार्यशाला में स्वास्थ्य और महिला बाल विकास विभाग के अधिकारी/कर्मचारी मौजूद थे।
अपर कलेक्टर ने श्री जैन ने कहा कि दस्तक अभियान के उद्देश्यों को प्राप्त करने के लिए हमें मजबूत रणनीति के साथ काम करना होगा। इसके लिए AAA आशा, आंगनवाड़ी तथा एएनएम के माध्यम से हमें जिले में चिंहित 5 साल तक के बच्चों तक पहुँचना होगा। खासकर हमारा ध्यान हाईरिस्क एरिया, अर्बन स्लम, पहुँचविहीन क्षेत्रों, खानाबदोश आबादी, इंट भट्टे, बंजारा आबादी तथा निर्माणाधीन भवन पर होना चाहिए।
जिला टीकाकरण नोडल डॉ. तरुण गुप्ता ने प्री-दस्तक कार्यशाला में अपना प्रस्तुतीकरण देते हुए अभियान पर विस्तार से प्रकाश डाला। इसके अंतर्गत माइक्रो प्लान एवं विभिन्न अधिकारी एवं कर्मचारियों के दायित्वों को भी बताया गया।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. बी.एस. सैत्या ने इस अवसर पर कहा कि इंदौर के नगरीय क्षेत्र की चुनौतियां अधिक हैं, किन्तु बाल स्वास्थ्य की गुणवत्ता को बनाए रखने एवं स्वास्थ्य सूचकांकों में उल्लेखनीय सुधार हेतु दस्तक अभियान का महत्व सर्वविदित है। इन चुनौतियों का सामना करने के लिए इंदौर अलग तरह की रणनीति बनाकर कार्य करेगा।
इस बैठक में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. बी. एस. सैत्या, जिला महिला बाल विकास अधिकारी श्री रामनिवास बुधौलिया, समस्त विकासखंड चिकित्सा अधिकारी एवं समस्त झोनल चिकित्सा अधिकारी तथा समस्त कार्यक्रम अधिकारी उपस्थित थे।
