चक्रवात ‘अर्नब’ ने आंध्र प्रदेश में मचाई तबाही, कई मकान क्षतिग्रस्त; मुख्यमंत्री नायडू ने अमित शाह को लिखा पत्र
Spread the love हैदराबाद, 28 अक्टूबर । चक्रवात...
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मुंबई । बॉलीवुड में पेड नेगेटिव पीआर और सोशल मीडिया ट्रोलिंग को लेकर अभिनेत्री सोनल चौहान ने कहा है कि जानबूझकर फैलाई जा रही नकारात्मकता से न तो इंडस्ट्री का भला होता है और न ही किसी कलाकार का। अभिनेत्री का मानना है कि प्रतिस्पर्धा जरूरी है, लेकिन वह सकारात्मक और रचनात्मक होनी चाहिए, न कि किसी को बदनाम करके आगे बढ़ने की कोशिश। सोनल चौहान ने इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट के जरिए अपनी बात रखते हुए लिखा कि एक्टर्स के खिलाफ चल रही पेड नेगेटिव पीआर अब बंद होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि इतनी नकारात्मकता की कोई जरूरत नहीं है और किसी को बुरा दिखाकर कोई खुद अच्छा नहीं बन सकता। सोनल ने सवाल उठाया कि हम एक-दूसरे के लिए खुश क्यों नहीं हो सकते, जबकि इंडस्ट्री में हर कलाकार अपनी जगह बनाने के लिए कड़ी मेहनत करता है। उनका कहना है कि अगर कलाकार एक-दूसरे को सपोर्ट करें, तो फिल्म इंडस्ट्री का माहौल कहीं ज्यादा स्वस्थ और सकारात्मक हो सकता है। उन्होंने अपील की कि सभी को थोड़ा और सकारात्मक सोच अपनानी चाहिए। सोनल चौहान से पहले भी कई कलाकार पेड नेगेटिव पीआर और ट्रोलिंग के खिलाफ आवाज उठा चुके हैं। अभिनेत्री तारा सुतारिया ने हाल ही में खुलासा किया था कि उनके खिलाफ पेड नेगेटिव कैंपेन चलाया जा रहा है। तारा ने कहा था कि झूठी अफवाहों और सोशल मीडिया ट्रोलिंग का उनके मानसिक स्वास्थ्य पर गहरा असर पड़ा है। उन्होंने यह भी कहा कि वह चाहती हैं कि लोग उनके काम और अभिनय पर ध्यान दें, न कि मनगढ़ंत कहानियों और अफवाहों पर। अभिनेत्री यामी गौतम ने भी इस तरह के पेड हाइप और नेगेटिव कैंपेन को इंडस्ट्री के लिए बेहद खतरनाक बताया है। उनके अनुसार, यह एक तरह की वसूली जैसा सिस्टम बनता जा रहा है, जो धीरे-धीरे दीमक की तरह पूरी इंडस्ट्री को नुकसान पहुंचा सकता है। यामी ने फिल्म इंडस्ट्री से अपील की थी कि इस कल्चर को समय रहते खत्म किया जाना चाहिए, ताकि काम और टैलेंट को सही पहचान मिल सके। वहीं सुपरस्टार ऋतिक रोशन ने भी पेड पीआर को लेकर गहरी चिंता जाहिर की थी। उन्होंने कहा था कि इस पूरे खेल में सबसे कीमती चीज जो खो जाती है, वह है पत्रकारों की सच्ची और निष्पक्ष आवाज। पैसों के दबाव में सच बोलने की आजादी खत्म हो जाती है, जबकि ईमानदार राय ही कलाकारों के लिए असली फीडबैक होती है।
