चक्रवात ‘अर्नब’ ने आंध्र प्रदेश में मचाई तबाही, कई मकान क्षतिग्रस्त; मुख्यमंत्री नायडू ने अमित शाह को लिखा पत्र
Spread the love हैदराबाद, 28 अक्टूबर । चक्रवात...
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Spread the love नई दिल्ली, 28 अक्टूबर ।...
Spread the love – मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने...
बीजापुर। छत्तीसगढ़ के सबसे खतरनाक नक्सल हॉटस्पॉट नेशनल पार्क एरिया में एक बार फिर सुरक्षाबलों ने बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। साल 2026 की पहली नक्सल-विरोधी कार्रवाई में जवानों को अहम सफलता मिली है। बीजापुर जिले के मट्टीमरका के घने जंगलों में डीआरजी जवानों और नक्सलियों के बीच जबरदस्त मुठभेड़ चल रही है। अब तक की जानकारी के अनुसार, इस मुठभेड़ में दो नक्सलियों को मार गिराया गया है, जबकि घटनास्थल से दो ऑटोमैटिक हथियार—AK-47 राइफल बरामद की गई हैं। सुबह से जारी इस मुठभेड़ में दोनों ओर से लगातार फायरिंग हो रही है और ऑपरेशन अब भी जारी है। एसपी जितेंद्र यादव ने मुठभेड़ की पुष्टि करते हुए बताया कि डीआरजी को नेशनल पार्क क्षेत्र में नक्सलियों की मौजूदगी की पुख्ता सूचना मिली थी। इसी आधार पर सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया, जिसके दौरान जवानों का सामना नक्सलियों की एक बड़ी टुकड़ी से हो गया। सूत्रों के मुताबिक, मुठभेड़ वाले इलाके में नक्सल संगठन के कुख्यात नेता पापाराव और दिलीप वेंडजा की मौजूदगी की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, इस संबंध में फिलहाल कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ऑपरेशन खत्म होने के बाद विस्तृत जानकारी साझा की जाएगी। गौरतलब है कि यही नेशनल पार्क एरिया पहले भी कई बड़ी नक्सली कार्रवाइयों का गवाह रहा है। इसी इलाके में सुरक्षाबलों ने 8 लाख के इनामी नक्सली स्नाइपर, डिप्टी कमांडर सोढ़ी कन्ना, और पापाराव की पत्नी व डीवीसीएम सदस्य उर्मिला को ढेर किया था। इतना ही नहीं, कुछ दिन पहले इसी क्षेत्र में सक्रिय कई नक्सलियों ने सरेंडर भी किया था, जिससे संगठन को बड़ा झटका लगा है। फिलहाल पूरे इलाके को घेराबंदी कर सील कर दिया गया है। अतिरिक्त बलों को मौके के लिए रवाना किया गया है। सुरक्षाबलों का कहना है कि नक्सलियों को किसी भी कीमत पर बचकर निकलने नहीं दिया जाएगा।
