एसईपीसी लिमिटेड के एमडी ने बर्नपुर में सेल-आईआईएससीओ स्टील प्लांट के साथ ₹८५४.५७ करोड़ के अनुबंध पर किए हस्ताक्षर; कंसोलिडेटेड ऑर्डर बुक ₹१०,००० करोड़ के पार
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मुंबई, 11 जनवरी, 2026: पेंटोमैथ ग्रुप का हिस्सा, द वेल्थ कंपनी म्यूचुअल फंड ने आज ‘द वेल्थ कंपनी गोल्ड ईटीएफ फंड ऑफ फंड’ लॉन्च करने की घोषणा की है। यह अगली पीढ़ी का गोल्ड इन्वेस्टमेंट सॉल्यूशन है, जिसे उन निवेशकों के लिए डिज़ाइन किया गया है जो सोने के पारंपरिक मूल्य को तो चाहते हैं, लेकिन भौतिक सोना रखने से जुड़ी सुरक्षा, संचालन या लिक्विडिटी (नकदी) संबंधी बाधाओं से बचना चाहते हैं। इस न्यू फंड ऑफर (एनफाओ) की अवधि 9 जनवरी, 2026 से 23 जनवरी, 2026 तक है।“सोने का पूरा मूल्य, बोझ बिल्कुल नहीं” के दृष्टिकोण पर आधारित यह ओपन-एंडेड फंड ऑफ फंड मुख्य रूप से ‘द वेल्थ कंपनी गोल्ड ईटीएफ’ की यूनिट्स में निवेश करता है। इसके माध्यम से निवेशक एक पारदर्शी, पैसिव और लागत प्रभावी म्यूचुअल फंड ढांचे के जरिए घरेलू सोने की कीमतों पर नज़र रख सकेंगे। यह स्कीम अपनी संपत्ति का 95% से 100% हिस्सा ‘द वेल्थ कंपनी गोल्ड ईटीएफ’ में आवंटित करेगी, जबकि शेष हिस्सा लिक्विडिटी प्रबंधन के लिए डेट और मनी मार्केट इंस्ट्रूमेंट्स में निवेश किया जाएगा।जहां एक ओर सोना मुद्रास्फीति (महंगाई), करेंसी की अस्थिरता और वैश्विक अनिश्चितता के खिलाफ एक बचाव के रूप में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, वहीं भौतिक रूप में सोना रखने पर भंडारण, शुद्धता, बीमा और बिक्री के समय सही कीमत पाने जैसी चुनौतियाँ आती हैं। यह ‘गोल्ड ईटीएफ एफओएफ’ सोने के पोर्टफोलियो लाभों को बनाए रखते हुए इन सभी बाधाओं को दूर करने का प्रयास करता है।
इस लॉन्च पर विस्तार से जानकारी देते हुए, द वेल्थ कंपनी म्यूचुअल फंड की संस्थापक, एमडी और सीईओ, सुश्री मधु लुनावत ने कहा, “सोना कालातीत है, लेकिन इसमें निवेश करने का तरीका विकसित होना चाहिए। आधुनिक परिसंपत्ति आवंटन के लिए डिज़ाइन किया गया यह फंड भारत के वित्तीय सोने की ओर बढ़ते कदम को दर्शाता है, जहाँ शासन, पारदर्शिता और लागत दक्षता अब वैकल्पिक नहीं, बल्कि अनिवार्य है।“द वेल्थ कंपनी म्यूचुअल फंड के मुख्य रणनीति अधिकारी (सीएसओ), श्री देबाशीष मोहंती ने आगे कहा, “आज के निवेशक सोने को केवल एक विरासत के रूप में नहीं, बल्कि एक रणनीतिक पोर्टफोलियो टूल के रूप में देख रहे हैं। ईटीएफ-आधारित निवेश बिना किसी परिचालन झंझट के सोने का आर्थिक मूल्य प्रदान करता है। यह फंड ऑफ फंड स्ट्रक्चर निवेश को सरल बनाता है और बाजार से जुड़ाव बनाए रखता है, जिससे सोने में निवेश अधिक अनुशासित और परिणामोन्मुखी बनता है।“यह स्कीम डायरेक्ट और रेगुलर प्लान देती है, जिसमें ग्रोथ और आईडीसीडब्ल्यू ऑप्शन होते हैं, और इसमें कोई एंट्री या एग्जिट लोड नहीं होता है। कम से कम इन्वेस्टमेंट अमाउंट ₹5,000 है, जिसमें एसआईपी ऑप्शन ₹250 से शुरू होते हैं। स्कीम का बेंचमार्क सोने की घरेलू कीमत है।
