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मंदिरों में उमड़े श्रद्धालु; मुख्यमंत्री ने उज्जैन के सांदीपनि आश्रम में की पूजा
भोपाल, 17 अगस्त । मध्य प्रदेश में शनिवार को श्रीकृष्ण जन्मोत्सव श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। जैसे ही रात के 12 बजे मंदिरों में घंटियों की आवाज के साथ ‘आलकी के पालकी.. जय कन्हैया लाल की’ नारे गूंजने लगे। भगवान श्रीकृष्ण की विशेष आरती की गई। बाल गोपाल के दर्शन के लिए लाखों श्रद्धालु पहुंचे। वहीं, लोगों ने अपने घरों में भी श्रीकृष्ण जन्माष्टमी मनाई और भगवान श्रीकृष्ण की पूजा-अर्चना की। छोटे बच्चों को बाल गोपाल और राधा के रूप में सजाया गया।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जन्माष्टमी के अवसर पर शनिवार की सपत्नीक सांदीपनी आश्रम पहुंचे। यहां उन्होंने पूजा की। इसके बाद उन्होंने मीरा माधव मंदिर में पूजा कर देश-प्रदेश की समृद्धि की कामना की। इस अवसर पर विधायक अनिल जैन कालूहेड़ा, नगर निगम सभापति कलावती यादव, संजय अग्रवाल, रवि सोलंकी और श्रद्धालु उपस्थित रहे।
जन्माष्टमी पर प्रदेशभर के श्रीकृष्ण मंदिरों को सजाया गया। सुबह से ही श्रद्धालु बाल गोपाल के दर्शन के लिए मंदिरों में उमड़े। उज्जैन में भगवान श्रीकृष्ण की शिक्षा स्थली सांदीपनि आश्रम और गोपाल मंदिर में विशेष साज-सज्जा की गई। वहीं ग्वालियर के कृष्ण मंदिर में 100 करोड़ रुपये कीमत के गहनों से भगवान का श्रृंगार किया गया। भोपाल के बिड़ला मंदिर में हजारों श्रद्धालु जन्मोत्सव मनाने पहुंचे। रतलाम के बड़ा गोपाल मंदिर में मटकी फोड़ प्रतियोगिता के दौरान आतिशबाजी की गई। मंदिरों के साथ ही अलग-अलग जगहों पर भजन-कीर्तन का दौर देर रात तक जारी रहा। कई जगहों पर मटकी फोड़ के आयोजन किए गए।
राजधानी भोपाल आज पूरी तरह कृष्ण भक्ति में रंगी नजर आई। जन्माष्टमी के अवसर पर मुख्यमंत्री निवास से लेकर इस्कॉन और बिरला मंदिर तक श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। जगह-जगह शोभायात्राएं निकलीं, मंदिरों में देर रात तक भजन-कीर्तन चलता रहा और भक्त जय श्रीकृष्ण के जयकारे लगाते रहें।
