छत्तीसगढ़ में नए और छूटे हुए मतदाताओं के लिए विशेष अभियान शुरू, घर-घर जाएंगे BLO
Spread the loveरायपुर – छत्तीसगढ़ के मुख्य निर्वाचन...
Spread the loveरायपुर – छत्तीसगढ़ के मुख्य निर्वाचन...
Spread the loveगोरखा- नेपाल में आई भीषण बाढ़...
Spread the loveडोंगरगढ़ :- नवरात्रि पर्व के दौरान...
-विकास उर्फ़ राजा का एनकाउंटरपटना,
पटना के उद्योगपति गोपाल खेमका की हत्या मामले में पटना पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। इस सनसनीखेज हत्याकांड के मास्टरमाइंड अशोक साव को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपित अशोक साव खुद भी कारोबारी है और लंबे समय से खेमका के संपर्क में था।
घटना की रात 11.45 बजे के करीब उमेश यादव ने जब गोपाल खेमका के सिर में गोली मारी और स्कूटी से फरार हो गया तो पास में स्थित अशोक साव के छज्जुबाग स्थित फ्लैट संख्या 601 में चला गया था। वह वहीं छिपकर रह रहा था ताकि पुलिस या किसी अन्य को कोई संदेह ना हो। हालांकि पुलिस ने पहले उमेश यादव को गिरफ्तार किया जिसके बाद उसकी निशानदेही पर विकास उर्फ़ राजा का भी एनकाउंटर किया।
बिहार एसटीएफ ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए इस मामले से जुड़े विकास उर्फ़ राजा का एनकाउंटर किया है। पटना पुलिस ने बताया कि विकास ने ही उमेश यादव को हथियार मुहैया कराया था। पुलिस ने विकास के पास एक पिस्टल, कारतूस, खोखा आदि बरामद किया है। यह मुठभेड़ पटना के मालसलामी इलाके में मंगलवार तड़के 2.45 बजे हुई।
पटना के उद्योगपति गोपाल खेमका के हत्या का मास्टरमाइंड अशोक साव बिहार शरीफ लहेरी थाना के मथुरिया मुहल्ला का रहने वाला है। जांच के दौरान तकनीकी सर्विलांस और गुप्त सूचना के आधार पर अशोक साव को चिन्हित किया गया। पुलिस को शक तो पहले से ही था, लेकिन अब पुख्ता सबूत हाथ लगने के बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में उसने हत्या की साजिश की बात स्वीकार कर ली है। हैरत की बात यह है कि अशोक साव ने इस हत्या को अंजाम देने के लिए एक कॉन्ट्रैक्ट किलर उमेश यादव को 10 लाख रुपये की सुपारी दी थी।
उमेश को एक लाख रुपये एडवांस में दिए गए थे। पुलिस ने उमेश यादव को भी पहले ही गिरफ्तार कर लिया है और उसकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त बाइक, पिस्टल, 80 जिंदा कारतूस, दो मोबाइल फोन और एक लाख नगद बरामद कर लिए हैं। यह मामला तब और संवेदनशील बन गया जब पता चला कि सात साल पहले खेमका के बेटे की भी हत्या हाजीपुर में कर दी गई थी।
शुक्रवार देर रात 11.30 बजे खेमका की उनके आवास के बाहर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी, जिससे राजधानी में दहशत फैल गई थी। इस हाई-प्रोफाइल मर्डर केस पर विपक्ष ने बिहार सरकार को कानून-व्यवस्था को लेकर घेरना शुरू कर दिया था। मास्टरमाइंड की गिरफ्तारी के बाद पटना पुलिस केस के बाकी कड़ियों को जोड़ने में जुट गई है। फिलहाल अन्य सहयोगियों और साजिशकर्ताओं की तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है।
