उप मुख्यमंत्री अरुण साव निकले स्कूटी पर, शहर भ्रमण कर सफाई और निर्माण कार्यों का किया निरीक्षण
Spread the loveसफाई व्यवस्था बेहतर करने और नियमित...
Spread the loveसफाई व्यवस्था बेहतर करने और नियमित...
Spread the love 50 सीटों के साथ इसी...
Spread the love– 1.22 करोड़ के कार्यों का...
बलरामपुर, 17 जून । बलरामपुर जिले में शिक्षा विभाग की लापरवाही सामने आई है। जिले के वाड्रफनगर के प्राथमिक विद्यालयों के शिक्षकों को राशन वितरण के कार्य में नियुक्त कर दिया गया है। जिससे पठन पाठन प्रतिकूल असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है। गर्मियों की छुटियां समाप्त होने के बाद मंगलवार से स्कूल खुल गई है। इसके बावजूद बच्चों की पढ़ाई छोड़कर अब शिक्षक सरकारी योजनाओं के वितरण में व्यस्त है। बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है।
बताया जा रहा है कि, अनुविभागीय अधिकारी (एसडीएम) वाड्रफनगर द्वारा जारी आदेश के तहत शिक्षकों की ड्यूटी राशन वितरण केंद्रों में लगाई गई है। जिसके विरोध में अब शिक्षक संघ ने भी मोर्चा खोल दिया है। शिक्षक नेताओं का कहना है कि प्रशासन का यह कदम पूरी तरह से अनुचित और शिक्षण कार्य के प्रति घोर लापरवाही दर्शाता है।
शिक्षक संघ के पदाधिकारियों ने बीते शाम इसे लेकर प्रशासनिक अधिकारियों से मुलाकात कर विरोध दर्ज कराया है। उनका कहना है कि यदि आदेश वापस नहीं लिया गया तो उग्र आंदोलन किया जाएगा।
वहीं इस मामले को लेकर एसडीएम नीर निधि नांदेहा से बात की गई, तो उन्होंने बताया कि, यह आदेश पहले जारी किया गया था लेकिन अब उसे संशोधित कर लिया गया है। शिक्षकों को राशन वितरण कार्य से मुक्त कर दिया गया है।
उल्लेखनीय है कि, राशन वितरण में शिक्षकों की ड्यूटी लगने से न केवल कक्षाएं प्रभावित होंगी, बल्कि मध्याह्न भोजन, परीक्षा मूल्यांकन, नामांकन अभियान जैसी महत्वपूर्ण गतिविधियों पर भी असर पड़ेगा।
