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रायपुर 15 मई । राज्य शासन ने गुरुवार काे जैव अपशिष्ट और कृषि अपशिष्ट के प्रसंस्करण के लिए नगरीय निकायों में स्थापित किये जाने वाले बायो-सीएनजी संयंत्रों हेतु भूमि आबंटन के लिए सभी जिलों के कलेक्टरों को परिपत्र जारी किया है।
नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा मंत्रालय से जारी परिपत्र में विगत 17 अप्रैल को हुई राज्य कैबिनेट की बैठक में लिए गए निर्णय का उल्लेख करते हुए कहा गया है कि मंत्रिपरिषद के निर्णय के परिपालन में राज्य के सभी नगरीय निकायों में जैव अपशिष्ट-सह-कृषि अपशिष्ट के प्रसंस्करण के लिए स्थापित किये जा रहे बायो-सीएनजी संयंत्रों हेतु रियायती लीज दरों पर शासकीय भूमि का आबंटन किया जाना है। बायो-सीएनजी संयंत्रों की स्थापना हेतु आवश्यक कार्रवाई के लिए नगरीय प्रशासन विभाग और संबंधित नगरीय निकाय को अधिकृत किया गया है।
राज्य शासन ने नगरीय निकायों में जैव अपशिष्ट और कृषि अपशिष्ट के प्रसंस्करण के लिए स्थापित किये जा रहे बायो-सीएनजी संयंत्रों हेतु सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों एवं शासकीय तेल और गैस विपणन कंपनियों को बायो-सीएनजी संयंत्रों के लिए अधिकतम दस एकड़ शासकीय भूमि का आबंटन रियायती लीज दर एक रुपये प्रति वर्गमीटर के मान से करने के लिए कलेक्टरों को निर्देशित किया है। विभाग ने सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों एवं शासकीय तेल और गैस विपणन कंपनियों को अधिकतम 25 वर्षों की लीज पर भूमि आबंटित करने के लिए आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए हैं।
