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सुकमा/रायपुर, 11 अप्रैल। छत्तीसगढ़ के सुकमा में एसीबी और ईओडब्ल्यू की टीमों ने लगातार दूसरे दिन शुक्रवार को सुबह सात जगहों पर दबिश दी है। तेंदूपत्ता बोनस में हुए भ्रष्टाचार के मामले में एसीबी और ईओडब्ल्यू की टीमों ने दोरनापाल में वन विभाग के कर्मचारियों घर छापा मारा है।जिला मुख्यालय सुकमा में भी वन विभाग के एक प्रबंधक के घर छापामार कार्रवाई की गई है।
आज(शुक्रवार) सुबह से एसीबी और ईओडब्ल्यू की टीमों ने सात स्थानों पर 2021-22 में वन विभाग के तेंदूपत्ता बोनस वितरण में हुई गड़बड़ी को लेकर दस्तावेज खंगाल रही है । इसके पहले 8 मार्च को सुकमा डीएफओ अशोक पटेल के यहां भी छापा पड़ा था। आय से अधिक संपत्ति के बाद डीएफओ की निशानदेही पर कार्रवाई हो रही है।
उलेखनीय है कि गुरुवार को एसीबी और ईओडब्ल्यू की टीम ने मनीष कुंजाम के सुकमा और रामाराम दोनों निवास में एक साथ छापा मारा। देर शाम तक चली कार्रवाई में जांच टीम ने दस्तावेज, मोबाइल, इलेक्ट्रानिक उपकरण, कई बैंक एकाउंट व निवेश से संबंधित दस्तावेज के साथ नकद राशि जब्त की है।ईओडब्ल्यू ने अपनी प्रेस विज्ञप्ति में जानकारी दी है कि वनमंडलाधिकारी सुकमा के कर्मचारी राजशेखर पुराणिक के निवास से 26 लाख 63 हजार 700 रुपये नकद मिले हैं।
पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान 2021-2022 में तेंदूपत्ता बोनस में हुए भ्रष्टाचार के मामले में मामले में आरोपित वनमंडलाधिकारी अशोक कुमार पटेल को राज्य शासन ने फरवरी में निलंबित किया है। मनीष कुंजाम ने दावा किया कि तेंदूपत्ता बोनस राशि घोटाले के वे ही शिकायतकर्ता हैं। प्रदेश सरकार बदले की भावना से कार्रवाई कर रही है।
