UPI Rules: 15 अक्टूबर से UPI पेमेंट के नियमों में बदलाव, 2,000 से ज्यादा के कुछ कारोबारियों पर लगेगा 0.4% MDR
Spread the loveनई दिल्ली। UPI से भुगतान करने वाले...
Spread the loveनई दिल्ली। UPI से भुगतान करने वाले...
Spread the loveAaj ka Panchang 19 September 2026:...
Spread the loveAaj ka Rashifal 19 September 2026:...
रायपुर, 17 दिसंबर । केंद्रीय गृह एवं सहकारितामंत्री अमित शाह ने छत्तीसगढ़ दौरे के दूसरे दिन साेमवार देरशाम रायपुर में राज्य में वामपंथी उग्रवाद की स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार मार्च 2026 तक नक्सलवाद को पूरी तरह समाप्त करने के लिए प्रतिबद्ध है।
बैठक में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा, केंद्रीय गृह सचिव गोविंद मोहन, छत्तीसगढ़ के मुख्य सचिव अमिताभ जैन, पुलिस महानिदेशक अशोक जुनेजा और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के प्रमुख भी उपस्थित रहे। केंद्रीय गृहमंत्री शाह ने सभी सुरक्षाबलों और एजेंसियों से मार्च 2026 तक वामपंथी उग्रवाद को समाप्त करने के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए सामूहिक रूप से काम करने की अपील की।
शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार वामपंथी उग्रवाद, विशेषकर नक्सलवाद, को मार्च 2026 तक समाप्त करने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि पिछले एक साल में सुरक्षाबलों की कार्रवाई के कारण नक्सलियों को सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचा है, जो एक महत्वपूर्ण सफलता है।
गृहमंत्री ने कहा कि सीआरपीएफ, आईटीबीपी ,बीएसएफ , छत्तीसगढ़ पुलिस और डीआरजी के संयुक्त प्रयासों से नक्सलवाद के खिलाफ एक बड़ा कदम उठाया गया है और निश्चित रूप से मार्च 2026 से पहले ही नक्सलवाद का समापन कर दिया जाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इस अभियान में राष्ट्रीय जांच एजेंसी की भूमिका महत्वपूर्ण होगी और उनका मानना है कि सभी सुरक्षाबला और राज्य एजेंसियां एकजुट होकर इस चुनौती का सामना करेंगी। गृहमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ पुलिस और अन्य सुरक्षाबलों ने नक्सलवाद के खिलाफ बड़े पैमाने पर समन्वय के साथ काम किया है और आने वाले वर्षों में इस दिशा में और भी ठोस कदम उठाए जाएंगे।
अपनी छत्तीसगढ़ यात्रा के दौरान अमित शाह ने बीजापुर जिले स्थित गुण्डम फॉरवर्ड ऑपरेटिंग बेस का दौरा भी किया। इस बेस का मुख्य उद्देश्य नक्सल प्रभावित इलाकों में सुरक्षाबलों की उपस्थिति बढ़ाना और ऑपरेशनल तैयारियों की समीक्षा करना है। गृहमंत्री ने इस दौरान सुरक्षाबलों की तैयारियों की सराहना की और उन्हें अगले साल नक्सलवाद के खिलाफ मिली अप्रत्याशित सफलता के लिए बधाई दी। साथ ही, उन्होंने जवानों को उत्साहित करते हुए कहा कि उन्हें इसी जोश के साथ नक्सलवाद के खिलाफ लड़ाई जारी रखनी चाहिए, ताकि मार्च 2026 तक देश को इस समस्या से पूरी तरह मुक्ति मिल सके।
अमित शाह ने सुरक्षाबलों की साहसिक कार्रवाई और राज्य की पुलिस की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि पिछले एक साल में नक्सलियों को भारी नुकसान हुआ है। उन्होंने विशेष रूप से सीआरपीएफ, आईटीबीपी, बीएसएफ और छत्तीसगढ़ पुलिस की समन्वित कार्रवाई को सराहा। गृहमंत्री ने कहा कि इन बलों ने मिलकर एक बड़े लक्ष्य की दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति की है और नक्सलवाद को समाप्त करने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं।
