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रायपुर। इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय (IGKV) में B.Sc. द्वितीय वर्ष के Pest Management in Crops and Stored Grains-I (AENT 221) विषय के प्रश्नपत्र के कथित लीक मामले में विश्वविद्यालय प्रशासन ने बड़ा फैसला लिया है। प्रश्नपत्र लीक होने की शिकायत के बाद विश्वविद्यालय ने संबंधित परीक्षा रद्द कर दी है और पूरे मामले की जांच के लिए पांच सदस्यीय समिति का गठन किया है। समिति को एक सप्ताह के भीतर जांच रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं।
यह कार्रवाई उस शिकायत के बाद हुई है, जिसमें परीक्षा शुरू होने से पहले ही प्रश्नपत्र के बाहर आने की बात सामने आई थी। मामले को गंभीरता से लेते हुए विश्वविद्यालय प्रशासन ने परीक्षा की निष्पक्षता और विद्यार्थियों के हित को ध्यान में रखते हुए तत्काल परीक्षा निरस्त करने का निर्णय लिया।
कवर्धा से मिली थी शिकायत
विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, प्रश्नपत्र की गोपनीयता भंग होने की शिकायत कवर्धा से प्राप्त हुई थी। शिकायत सामने आने के बाद अधिकारियों ने मामले की प्रारंभिक जानकारी जुटाई और संबंधित परीक्षा को रद्द करने का फैसला किया।
अब इस विषय की परीक्षा नए सिरे से आयोजित की जाएगी। इसके लिए नई तारीख विश्वविद्यालय की ओर से बाद में जारी की जाएगी।
पांच सदस्यीय कमेटी खंगालेगी पूरा मामला
मामले की जांच के लिए गठित पांच सदस्यीय समिति यह पता लगाएगी कि प्रश्नपत्र की गोपनीयता किस स्तर पर भंग हुई और परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र बाहर कैसे पहुंचा। समिति प्रश्नपत्र तैयार होने से लेकर उसके सुरक्षित रखे जाने और संबंधित परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने की पूरी प्रक्रिया की भी जांच करेगी।
जांच में यदि किसी अधिकारी, कर्मचारी या अन्य व्यक्ति की लापरवाही अथवा संलिप्तता सामने आती है तो समिति की रिपोर्ट के आधार पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
28 कॉलेजों तक पहुंचता है प्रश्नपत्र
IGKV के कुलसचिव डॉ. कपिल देव दीपक के अनुसार, संबंधित प्रश्नपत्र रायपुर में तैयार किया जाता है और इसके बाद विश्वविद्यालय से संबद्ध 28 कॉलेजों में भेजा जाता है। ऐसे में जांच समिति प्रश्नपत्र की पूरी सप्लाई और सुरक्षा व्यवस्था की पड़ताल करेगी।
अब जांच रिपोर्ट पर टिकी नजर
परीक्षा रद्द होने के बाद विद्यार्थियों के बीच नई परीक्षा तिथि को लेकर इंतजार है। वहीं विश्वविद्यालय प्रशासन की कार्रवाई के बाद अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र बाहर कैसे पहुंचा और इसके लिए जिम्मेदार कौन है?
एक सप्ताह में जांच रिपोर्ट आने के बाद मामले की तस्वीर और स्पष्ट होने की उम्मीद है। विश्वविद्यालय ने संकेत दिया है कि जांच में जो भी जिम्मेदार पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
