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रायपुर। बंगाल की खाड़ी में बने कम दबाव के क्षेत्र का असर अब छत्तीसगढ़ में साफ दिखाई देने लगा है। मौसम प्रणाली के सक्रिय होने के साथ ही प्रदेश में एक बार फिर मानसून ने रफ्तार पकड़ ली है। मौसम विभाग ने अगले चार दिनों तक राज्य के कई जिलों में भारी से अति भारी बारिश की संभावना जताई है। इसके मद्देनजर मध्य छत्तीसगढ़ के कई इलाकों के लिए रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
मौसम विभाग के अनुसार, अगले 24 घंटों के दौरान प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। वहीं, कई स्थानों पर तेज बारिश के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की भी आशंका जताई गई है। आने वाले दो से तीन दिनों में बारिश की गतिविधियां और अधिक तेज हो सकती हैं।
बीते 24 घंटों के दौरान महासमुंद जिले के बसना क्षेत्र में सबसे अधिक 154 मिमी वर्षा दर्ज की गई। लगातार बारिश के कारण कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बनने की आशंका है, जबकि नदी-नालों का जलस्तर भी बढ़ सकता है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि बंगाल की खाड़ी में विकसित कम दबाव का क्षेत्र लगातार मजबूत हो रहा है, जिसके प्रभाव से पूरे प्रदेश में व्यापक वर्षा की स्थिति बनी रहेगी। खासकर मध्य और पूर्वी छत्तीसगढ़ के जिलों में भारी बारिश की संभावना अधिक है।प्रशासन ने निचले इलाकों में रहने वाले लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। साथ ही, तेज बारिश के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने, उफनते नदी-नालों को पार नहीं करने और मौसम विभाग द्वारा जारी चेतावनियों का पालन करने की सलाह दी गई है। फिलहाल मौसम विभाग लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है और जरूरत पड़ने पर आगे भी अलर्ट जारी किए जाएंगे। लगातार बारिश को देखते हुए जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन की टीमें भी सतर्क मोड पर हैं।
