नई दिल्ली,। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दो दिवसीय सेशेल्स यात्रा पर रवाना हो गए। पीएम मोदी राष्ट्रीय दिवस समारोह में बतौर मुख्य अतिथि शामिल होंगे। 29 जून तक चलने वाले इस दौरे को भारत की हिंद महासागर नीति, समुद्री सुरक्षा और ग्लोबल साउथ के साथ सहयोग के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
यात्रा पर रवाना होने से पहले प्रधानमंत्री मोदी ने एक विशेष संदेश जारी कर इस दौरे के रणनीतिक महत्व को रेखांकित किया। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि वह सेशेल्स के राष्ट्रपति पेट्रिक हर्मिनी के निमंत्रण पर वहां जा रहे हैं। इस दौरान वह सेशेल्स के राष्ट्रीय दिवस के स्वर्ण जयंती समारोह में ‘गेस्ट ऑफ ऑनर’ के रूप में शामिल होंगे। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि सेशेल्स भारत का एक महत्वपूर्ण समुद्री पड़ोसी है और वह भारत के ‘विजन महासागर’ तथा ग्लोबल साउथ की साझी प्रतिबद्धताओं का अहम भागीदार है। ‘विजन महासागर’ का उद्देश्य हिंद महासागर क्षेत्र में सुरक्षा, विकास, समुद्री सहयोग और क्षेत्रीय स्थिरता को बढ़ावा देना है।
भारत पिछले कुछ वर्षों में हिंद महासागर क्षेत्र में अपनी रणनीतिक उपस्थिति मजबूत करने, समुद्री सुरक्षा बढ़ाने, आपदा प्रबंधन, ब्लू इकॉनमी और क्षेत्रीय सहयोग को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दे रहा है।
50 वर्ष पुराने राजनयिक संबंध
इस वर्ष भारत और सेशेल्स अपने राजनयिक संबंधों की स्थापना की 50वीं वर्षगांठ भी मना रहे हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि दोनों देशों के संबंध आपसी विश्वास, लोकतांत्रिक मूल्यों, विविधता के सम्मान और लोगों के बीच गहरे संबंधों पर आधारित हैं। उन्होंने फरवरी 2026 में राष्ट्रपति हर्मिनी की भारत यात्रा का उल्लेख करते हुए कहा कि अब यह दौरा दोनों देशों की स्थायी मित्रता को और मजबूत करने का अवसर बनेगा।
संसद को संबोधित करने वाले पहले भारतीय प्रधानमंत्री
इस यात्रा की एक महत्वपूर्ण उपलब्धि यह भी होगी कि प्रधानमंत्री मोदी सेशेल्स की राष्ट्रीय संसद को संबोधित करने वाले पहले भारतीय प्रधानमंत्री बनेंगे। प्रधानमंत्री ने इसे दोनों देशों के साझा लोकतांत्रिक मूल्यों और संसदीय परंपराओं का प्रतीक बताया। उन्होंने सेशेल्स में रह रहे भारतीय समुदाय से मिलने की भी इच्छा जताई और कहा कि वहां का भारतीय समुदाय दोनों देशों के बीच एक जीवंत सेतु के रूप में कार्य कर रहा है।
हिंद महासागर में रणनीतिक महत्व
हिंद महासागर क्षेत्र वैश्विक व्यापार और समुद्री मार्गों की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। ऐसे में सेशेल्स जैसे द्वीपीय देश भारत की समुद्री रणनीति में महत्वपूर्ण स्थान रखते हैं। भारत और सेशेल्स के बीच रक्षा सहयोग, तटीय सुरक्षा, समुद्री निगरानी, क्षमता निर्माण और विकास परियोजनाओं में लगातार सहयोग बढ़ा है। प्रधानमंत्री मोदी ने विश्वास व्यक्त किया कि यह यात्रा भारत और सेशेल्स के संबंधों को नई ऊंचाई देगी तथा हिंद महासागर क्षेत्र को अधिक सुरक्षित, शांतिपूर्ण और समृद्ध बनाने के साझा लक्ष्य को आगे बढ़ाएगी।
