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धमतरी, 7 मार्च 2026

प्रतिवर्ष 8 मार्च को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस मनाया जाता है। यह दिवस समाज में महिलाओं के योगदान, उनके अधिकारों और सशक्तिकरण को सम्मान देने का अवसर प्रदान करता है। केंद्र और छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा महिलाओं के सामाजिक, आर्थिक और शैक्षणिक सशक्तिकरण के लिए विभिन्न योजनाएं संचालित की जा रही हैं, जिनका सकारात्मक प्रभाव अब गांव-गांव तक दिखाई देने लगा है।
धमतरी जिले में भी शासन की योजनाओं और कार्यक्रमों के माध्यम से महिलाओं को आत्मनिर्भर एवं स्वावलंबी बनाने की दिशा में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। विशेष रूप से ग्रामीण और आदिवासी अंचलों की महिलाएं आज स्व-सहायता समूहों से जुड़कर न केवल अपनी आर्थिक स्थिति मजबूत कर रही हैं, बल्कि परिवार और समाज में अपनी सशक्त पहचान भी बना रही हैं।
जिले में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) के अंतर्गत बड़ी संख्या में महिलाओं को स्व-सहायता समूहों से जोड़ा गया है। इन समूहों के माध्यम से महिलाएं बचत और आंतरिक ऋण की व्यवस्था के साथ-साथ विभिन्न आजीविका गतिविधियों से जुड़कर आय अर्जित कर रही हैं। कई महिला समूह खेती-किसानी के साथ सब्जी उत्पादन, मशरूम उत्पादन, कुक्कुट पालन, बकरी पालन, डेयरी व्यवसाय, मछली पालन तथा लघु उद्यमों के माध्यम से आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ रही हैं।
ग्रामीण क्षेत्रों में महिला समूहों द्वारा जैविक खेती, सब्जी उत्पादन और पोषण वाटिका जैसी गतिविधियों को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। इससे न केवल महिलाओं की आय में वृद्धि हो रही है, बल्कि परिवार के पोषण स्तर में भी सुधार हो रहा है। शासन द्वारा प्रशिक्षण, बैंक ऋण सुविधा, विपणन सहयोग और आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराकर महिलाओं को उद्यमिता की दिशा में आगे बढ़ाया जा रहा है।
धमतरी जिले के कई गांवों में महिला समूहों ने सामूहिक उत्पादन और विपणन की सफल पहल की है। इससे महिलाओं में आत्मविश्वास बढ़ा है और वे आर्थिक निर्णयों में भी सक्रिय भूमिका निभाने लगी हैं। अनेक महिला समूह स्थानीय हाट-बाजारों के साथ-साथ विभिन्न मेलों और प्रदर्शनियों में अपने उत्पादों का विक्रय कर रही हैं।
इसके अलावा शासन द्वारा महिलाओं के स्वास्थ्य, शिक्षा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए भी कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं। मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं, पोषण कार्यक्रमों और कौशल विकास प्रशिक्षणों के माध्यम से महिलाओं के समग्र विकास को प्रोत्साहित किया जा रहा है।
आज धमतरी जिले की महिलाएं केवल घर तक सीमित नहीं हैं, बल्कि खेती, उद्यमिता, स्वयं सहायता समूहों और अन्य आर्थिक गतिविधियों के माध्यम से समाज के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे रही हैं। शासन की योजनाओं और सामूहिक प्रयासों के परिणामस्वरूप ग्रामीण और आदिवासी अंचलों की महिलाएं आत्मनिर्भरता की नई मिसाल कायम कर रही हैं।
अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस 2026 के अवसर पर यह स्पष्ट है कि जब महिलाओं को अवसर, संसाधन और प्रोत्साहन मिलता है, तो वे न केवल अपने परिवार बल्कि पूरे समाज के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। धमतरी जिले की महिलाएं भी इसी आत्मविश्वास और संकल्प के साथ आत्मनिर्भरता की राह पर निरंतर आगे बढ़ रही हैं।
इस वर्ष महिला दिवस की थीम “दान करके लाभ प्राप्त करें” है। इसका संदेश है कि जब हम समाज में सहयोग, समर्थन और अवसर प्रदान करते हैं, तो उसका सकारात्मक लाभ पूरे समाज को मिलता है। आइए, हम सभी मिलकर सहयोग और सहभागिता की भावना के साथ लैंगिक समानता को बढ़ावा दें और महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में आगे बढ़ें।
