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पुरुंगा और खड़गांव में 1.60-1.60 करोड़ रुपए की लागत से बनेगा नवीन आदिवासी कन्या छात्रावास भवन
डीएमएफ मद से होगा निर्माण, खेल सामग्री, लाइब्रेरी और वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश
रायगढ़, 22 फरवरी 2026
रायगढ़ जिले के खनिज उत्खनन प्रभावित धरमजयगढ़ विकासखंड के सुदूर वनांचल क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य और आंगनबाड़ी केंद्रों को सुदृढ़ करने की दिशा में जिला प्रशासन द्वारा ठोस पहल की जा रही है। कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी ने वनांचल ग्राम पुरुंगा एवं खड़गांव का दौरा कर आदिमजाति विकास विभाग द्वारा संचालित शासकीय प्री-मैट्रिक कन्या छात्रावास भवनों की जर्जर स्थिति का निरीक्षण किया तथा इनके स्थान पर नवीन भवन निर्माण के लिए कार्य योजना बनाने के निर्देश संबंधित विभाग को दिए। एक आंकलन के अनुसार डीएमएफ (जिला खनिज न्यास निधि) मद से प्रत्येक छात्रावास भवन के निर्माण के लिए लगभग 1 करोड़ 60 लाख रुपए की कार्ययोजना तैयार की जाएगी। कलेक्टर ने बताया कि तकनीकी टीम द्वारा वर्तमान भवनों का विस्तृत परीक्षण किया जाएगा, जिसके उपरांत आवश्यक तकनीकी स्वीकृति प्रदान कर निर्माण कार्य प्रारंभ किया जाएगा। उन्होंने संबंधित संस्था प्रमुखों को निर्देशित किया कि नए भवन निर्माण तक छात्राओं के सुरक्षित एवं सुचारू संचालन के लिए वैकल्पिक भवन की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने छात्रावासों में अध्ययन के साथ-साथ खेलकूद गतिविधियों को प्रोत्साहित करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने बच्चों की रुचि के अनुरूप खेल सामग्री उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। साथ ही छात्राओं के मानसिक एवं बौद्धिक विकास के लिए लाइब्रेरी सुविधा विकसित करने, पाठ्यक्रम आधारित पुस्तकों के साथ समसामयिक विषयों पर आधारित पत्र-पत्रिकाओं की नियमित उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा।
दौरे के दौरान ग्रामीणों ने क्षेत्रीय विकास से संबंधित विभिन्न मांगें भी रखीं। कलेक्टर ने चर्चा के दौरान बताया कि खनिज प्रभावित क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाएं जैसे स्कूल, आंगनबाड़ी, स्वास्थ्य सेवाएं, पेयजल, पंचायत व्यवस्था एवं पीडीएस योजना का सुचारू क्रियान्वयन जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता में शामिल है। उन्होंने क्षेत्र में संचालित राज्य शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं से लाभान्वित हितग्राहियों से भी संवाद कर योजनाओं की जमीनी स्थिति की जानकारी ली। जनप्रतिनिधियों को आश्वस्त करते हुए उन्होंने कहा कि मांगों को चरणबद्ध प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण किया जाएगा। निरीक्षण के दौरान धरमजयगढ़ एसडीएम श्री प्रवीण भगत, कृषि एसडीओ प्रभास शंकर सिंह, तहसीलदार लोमस मिरी, जनपद सीईओ एवं संबंधित ग्राम पंचायत के सरपंच एवं ग्रामीण जन उपस्थित थे।
