राष्ट्रपति ने पूज्य माता हासी देवी जी के सम्मान में जारी किया 200 रूपए का स्मारक सिक्का, राज्यपाल व मुख्यमंत्री रहे उपस्थित….
Spread the loveरायपुर। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने आज...
Spread the loveरायपुर। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने आज...
Spread the loveरायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से...
Spread the love00 यूनेस्को की संभावित सूची में...
पूर्व से लेकर पश्चिम और उत्तर से लेकर दक्षिण के पहनावे आए एक छत के नीचे
‘फाइबर टू सिल्क फेब’ बास्केट बॉल कॉम्प्लेक्स में 13 जनवरी तक
इंदौर, 09 जनवरी 2026।हर मौसम के साथ बदलते फैशन के अंदाज के बीच शहर के बास्केटबॉल कॉम्प्लेक्स में चल रहे ‘फाइबर टू सिल्क फेब’ एक्जीबिशन में कश्मीरी वूलन छा रहा है। यहां युवतियों और महिलाओं की पहली पसंद कश्मीरी फिरन बना है। कश्मीरी फिरन सिर्फ एक पारंपरिक लंबी लूज कुर्ती नहीं है, बल्कि कश्मीर की ठंडी वादियों की पहचान भी है। एक्जीबिशन में देशभर का खास सिल्क एक छत के नीचे मिल रहा है।
‘फाइबर टू सिल्क फेब’ एक्जीबिशन में कश्मीर के पारंपरिक वूलन के 7 स्टॉल हैं, जिसपर कश्मीर की सांस्कृतिक पहचान फिरन मिल रहे हैं। ये ऊन, कॉटन या पश्मीना से बने हैं। श्रीनगर के इलाकों से आए साहिल और नासिर ने बताया कि इस सीजन में फिरन सिर्फ फैशन से नहीं जुड़ा है, बल्कि इसकी जड़ें कश्मीर की संस्कृति और लोगों से भी बहुत गहराई से जुड़ी है। ये ठंड से तो बचाते हैं साथ ही इसपर की कढ़ाई, टिल्ला वर्क और नए कट्स पसंद भी बेहद किए जाते हैं। इसके साथ ही इस स्टॉल पर हजारों से लाखों की कीमत तक की पश्मीना शॉल, कश्मीरी जैकेट, कोट, कैप और छोटे स्टॉल के साथ साड़ियां भी है। इनपर फूल, पत्तियों और कई डिजाइन में कढ़ाई की गई है। कश्मीरी कुर्ते और सूट भी मौजूद है, जो सर्दियों के हिसाब से तैयार किए गए है। इसके अलावा एक्जीबिशन में गुजरात की पारंपरिक साड़ियों में गुजरात का पटोला, बंधेज, अजरक, असम का मूंगा सिल्क, कांजीवरम से लेकर अनेक वैरायटी मौजूद है।
आयोजक आशीष कुमार गुप्ता ने बताया कि इस एग्जीबिशन में 60 स्टॉल है और यहां खास छूट भी दी जा रही है। यहां आंधप्रदेश का कलमकारी, उत्तर प्रदेश की बनारसी, जामदानी, बिहार की टसर सिल्क साड़ी और ड्रेस मटेरियल, तमिलनाडु का कांजीवरम सिल्क, बंगाल का ढाका मसलीन सिल्क भी आया है। ये एक्जीबिशन 13 जनवरी तक बास्केटबॉल कॉम्प्लेक्स में चलेगी।
