नक्सलवाद से मिले घावों पर मरहम लगाकर हर पीड़ित को सम्मानपूर्ण जीवन देना हमारा संकल्प : केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह
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गुवाहाटी, 17 मई । गजराज मिलिट्री इंटेलिजेंस से मिली सूचना पर असम पुलिस की स्पेशल ब्रांच और स्पेशल टास्क फोर्स ने फर्जी सिम कार्ड रैकेट का पर्दाफाश किया। इस आशय की जानकारी असम के पुलिस महानिदेशक हरदीप सिंह ने शनिवार को एक संवाददाता सम्मेलन में दी।
जानकारी के अनुसार, रैकेट असम, राजस्थान और तेलंगाना में सक्रिय था। सूचना को कार्रवाई योग्य इनपुट में बदलने के बाद ऑपरेशन घोस्ट सिम की योजना बनाई गई।
यह ऑपरेशन असम के धुबड़ी और मोरीगांव, तेलंगाना के संगारेड्डी और राजस्थान के भरतपुर व अलवर जिलों में 16 मई की दोपहर से शुरू किया गया।
इससे पहले 14 मई को एसटीएफ थाना, असम में मामला दर्ज किया गया था। केस नंबर एसटीएफ पीएस 02/2025, धाराएं 61(2)/147/148/62 बीएनएस, धारा 18 यूएपीए एक्ट और धारा 66 आईटी एक्ट के तहत दर्ज किया गया।
ऑपरेशन के तहत अलग-अलग स्थानों से 7 आरोपितों को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपितों में सद्दीक (47, बेला, थाना सिकरी, भरतपुर, राजस्थान), आरिफ खान (20, साहोरी का बार, अलवर, राजस्थान), साजिद (21, साहोरी का बार, थाना अकबरपुर, अलवर, राजस्थान) तथा अकीक (25, रोजकी, भरतपुर, राजस्थान के साथ ही गुवाहाटी एयरपोर्ट) से अरसद खान (34, पेंदका, थाना नगर, भरतपुर, राजस्थान), नई दिल्ली एयरपोर्ट से मोफिजुल इस्लाम (19, कथालडी पार्ट-II, थाना बिलासीपारा, धुबरी, असम), गोल्लापल्ली, संगारेड्डी, तेलंगाना से जकारिया अहमद (24, सगुनमारी पार्ट-IV, थाना बिलोसीपारा, धुबरी, असम) को गिरफ्तार किया गया।
धुबरी जिले से 14 अन्य व्यक्तियों को भी उठाया गया है। पूछताछ के बाद आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है। गिरफ्तार आरोपितों से 948 सिम कार्ड और अन्य तकनीकी उपकरण जब्त किए गए हैं। पूरे मामले की जांच जारी है।
