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रायपुर, 22 मार्च । छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेज कारपोरेशन ((सीजीएमएससीएल) ) में करोड़ों के रीएजेंट खरीद घोटाले में बीती देर रात ईओडब्लू ने पांच अधिकारियों को गिरफ्तार किया है। छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेज कारपोरेशन में करोड़ों के घोटाले में एंटी करप्शन ब्यूरो ने जांच तेज कर दी है। ईओडब्लू ने दो आईएएस समेत सीजीएमएससी और हेल्थ विभाग के दर्जन भर अधिकारियों को तलब कर लंबी पूछताछ की थी।
गिरफ्तार अधिकारियों में सीजीएमएससी के दो जीएम के अलावा हेल्थ विभाग के डिप्टी डायरेक्टर डॉ. अनिल परसाई शामिल हैं। मामले में रीएजेंट सप्लायर मोक्षित कार्पोरेशन के डायरेक्टर शशांक चोपड़ा को ईओडब्लू पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है।
ईओडब्लू ने बीती रात वसंत कौशिक, डॉ. अनिल परसाई, शिरौंद्र रावटिया, कमलकांत पाटनवार और दीपक बांधे को गिरफ्तार किया है। आज कुछ ही देर में इन्हें ईओडब्लू कोर्ट में पेश किए जाने की संभावना है।
उल्लेखनीय है कि कांग्रेस शासनकाल में स्वास्थ्य विभाग के सीजीएमएससीएल ने मोक्षित कॉरपोरेशन के माध्यम से करोड़ों का घोटाला किया है। इस पूरे मामले को लेकर 660 करोड़ रुपये के गोल-माल को लेकर भारतीय लेखा एंव लेखापरीक्षा विभाग के प्रिंसिपल अकाउंटेंट जनरल (ऑडिट) आईएएस यशवंत कुमार ने एडिशनल चीफ सेक्रेटरी मनोज कुमार पिंगुआ को पत्र लिखा था। लेखा परीक्षा की टीम की ओर से की गई जांच में पाया गया कि वित्त वर्ष 2022-24 और 2023-24 के दौरान कंपनी ने बिना बजट आवंटन के 660 करोड़ रुपये की खरीद की थी।
