मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के सुशासन में संवेदनशील शासन, पारदर्शी व्यवस्था और जनभागीदारी से मजबूत हो रहा जनता का विश्वास
Spread the loveसरकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति...
Spread the loveसरकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति...
Spread the love ग्वालियर, 18 अक्टूबर । मध्य...
Spread the love – महानवमी एवं विजयादशमी की...
एम्स रायपुर के तीसरे दीक्षांत समारोह में मेधावी छात्रों को दिए गए गोल्ड मेडल
रायपुर, 02 सितंबर । उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने रायपुर स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) के तीसरे दीक्षांत समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ नक्सलवाद, भय और अभाव के साये से निकलकर आज शांति, प्रगति और अवसरों के नए दौर में प्रवेश कर चुका है। जो क्षेत्र कभी हिंसा के लिए जाने जाते थे, वहां आज सड़कें, स्कूल, अस्पताल, कनेक्टिविटी और निवेश पहुंच रहे हैं।
उपराष्ट्रपति ने एम्स रायपुर को राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं के ऐतिहासिक परिवर्तन का प्रमुख प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि उन्नत स्वास्थ्य देखभाल, चिकित्सा अनुसंधान और ट्रांसप्लांटेशन के क्षेत्र में संस्थान की उपलब्धियां सराहनीय हैं, जिनमें राज्य का पहला ‘स्वैप किडनी ट्रांसप्लांट’ भी शामिल है।
समारोह के दौरान उपराष्ट्रपति ने विभिन्न संकायों के मेधावी छात्र-छात्राओं को उनकी उत्कृष्ट शैक्षणिक उपलब्धियों के लिए स्वर्ण पदक और प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। मध्य भारत के इस प्रतिष्ठित संस्थान में आयोजित समारोह में स्नातक (यूजी), स्नातकोत्तर (पीजी), सुपर-स्पेशियलिटी, डॉक्टरेट और संबद्ध स्वास्थ्य विज्ञान पाठ्यक्रमों के कुल 689 विद्यार्थियों (376 छात्राएं और 313 छात्र) को डिग्रियां प्रदान की गईं।
दीक्षांत समारोह के मुख्य आकर्षणों में ‘से नो टू ड्रग्स’ (नशे को ना कहें) की शपथ भी शामिल रही, जिसके तहत उपस्थित सभी विद्यार्थियों को स्वयं नशीले पदार्थों के सेवन से दूर रहने और अपने साथियों व समाज में इसके दुष्प्रभावों व खतरों के प्रति व्यापक जागरूकता फैलाने का संकल्प दिलाया गया।
इस अवसर पर छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका, केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल, राज्य के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल और रायपुर के सांसद बृजमोहन अग्रवाल उपस्थित रहे। वहीं, एम्स रायपुर की ओर से अध्यक्ष प्रो. (डॉ.) संजीव हांडा तथा कार्यकारी निदेशक सेवानिवृत्त लेफ्टिनेंट जनरल अशोक जिंदल भी मंच पर मौजूद रहे।
